बामड़ा : संबलपुर में मां समलेश्वरी मंदिर और देब्रीगढ़ अभयारण्य के अलावा अन्य पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए सरकार ने प्रयास शुरू किये हैं. इसी क्रम में कुचिंडा अनुमंडल के गुदगुदा जलप्रपात और नाकटीदेउल ब्लॉक के भीममंडली में पर्यटकों के ठहरने की सुविधा के लिए होम-स्टे व्यवस्था शुरू की जायेगी. इस योजना के तहत स्थानीय लोग अपने घरों को होटल की तरह विकसित कर पर्यटकों के ठहरने की व्यवस्था कर सकेंगे. इसके बदले उन्हें पर्यटकों से किराया मिलने के साथ सरकार की ओर से सब्सिडी भी दी जायेगी.
सब्सिडी के लिए 27 मकान मालिकों ने किया है आवेदन
इन दोनों पर्यटन स्थलों के आसपास रहने वाले 27 मकान मालिकों ने सब्सिडी के लिए सरकार के पास आवेदन किया है. सहायक पर्यटन निदेशक रवींद्र दलई ने बताया कि निरीक्षण के बाद योग्य पाये जाने वाले मकान मालिकों को सब्सिडी प्रदान की जायेगी. इन दोनों पर्यटन स्थलों पर फिलहाल रात में ठहरने की पर्याप्त सुविधा नहीं होने के कारण पर्यटकों को परेशानी होती है. गुदगुदा जाने वाले पर्यटकों को अक्सर कुचिंडा में रुकना पड़ता है. इसी समस्या को दूर करने और पर्यटकों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से होम-स्टे योजना शुरू की जा रही है.
पूरे वर्ष पर्यटकों को आकर्षित करता है गुदगुदा जल प्रपात
कुचिंडा ब्लॉक की कुसुमी पंचायत स्थित गुदगुदा जलप्रपात लगभग पूरे वर्ष पर्यटकों को आकर्षित करता है. यहां सरकार की ओर से पहले ही प्रवेश द्वार, पर्यटकों के लिए कपड़े बदलने के कक्ष सहित अन्य सुविधाओं का निर्माण किया जा चुका है. इन सुविधाओं की स्थिति का निरीक्षण कर आगे और क्या विकास कार्य किये जा सकते हैं, इसका डीपीआर तैयार करने के लिए बामड़ा डीएफओ को निर्देश दिया गया है.
भीममंडली में गुफाएं और शिलालेख 10 हजार वर्ष से अधिक पुराने
वहीं, नाकटीदेउल ब्लॉक की घोषरामाल पंचायत में स्थित भीममंडली एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक स्थल है. लांडीमाल आरक्षित जंगल के भीतर स्थित यहां की गुफाएं और शिलालेख दस हजार वर्ष से अधिक पुराने बताये जाते हैं. इन्हें देखने के लिए प्रतिदिन पर्यटक पहुंचते हैं. चालू वर्ष में यहां पहुंचने के लिए सड़क निर्माण, पार्किंग तथा शिलालेखों के संरक्षण सहित विभिन्न विकास कार्यों के लिए राज्य सरकार ने नौ करोड़ रुपये मंजूर किये हैं. इन कार्यों का डीपीआर तैयार करने की जिम्मेदारी डीएफओ, रेंढ़ाखोल को दी गयी है.
पर्यटकों के लिए छह कमरे तैयार कर सकेंगे मकान मालिक
योजना के तहत मकान मालिक अपने घर में न्यूनतम दो और अधिकतम छह कमरों को पर्यटकों के ठहरने के अनुकूल तैयार कर सकेंगे. इसके लिए होने वाले खर्च पर सरकार की ओर से 30 प्रतिशत तक सब्सिडी दिये जाने का प्रावधान है. पर्यटन विभाग के अनुसार गुदगुदा के आसपास दस मकान मालिकों ने होम-स्टे के लिए रुचि दिखायी है. वहीं, भीममंडली के आसपास तीन पंचायतों के 17 लोगों ने रुचि दिखाते हुए सरकार के पास आवेदन किया है.
