जगन्नाथपुर/चाईबासा : पश्चिम िसंहभूम जिले में शुक्रवार को तेज आंधी-बारिश के बीच अलग-अलग जगहों पर हुए वज्रपात ने एक व्यक्ति की जान ले ली, जबकि तीन महिलाओं समेत चार लोग घायल हो गये. वहीं रायरंगपुर में घर के आंगन में बैठे युवक की वज्रपात से मौत हो गयी.
जगन्नाथपुर में वज्रपात से एक राजमिस्त्री की मौत हो गयी. चाईबासा के मंगलाहाट में इमली पेड़ पर वज्रपात हुआ जिससे उसके नीचे तीन महिलाएं झुलस गयीं. तीसरी घटना डलियामार्चा गांव में हुई जहां एक साइकिल मिस्त्री घायल हो गया.
जगन्नाथपुर में पेट्रोल पंप के पास भवन निर्माण में लगा राजमिस्त्री बशीर शेख (26) दोपहर करीब दो बजे उस वक्त वज्रपात की चपेट में आ गया, जब वह बारिश थमने के बाद दोबारा काम करने के लिए भवन पर चढ़ा था. वज्रपात में उसका चचेरा भाई मशदुल शेख बाल-बाल बच गया. बशीर मूल रूप से पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिलांतर्गत रंजीतपुर गांव का निवासी था. वह जगन्नाथपुर के उरांवसाई में रहकर राजमिस्त्री का काम करता था.
घटना के समय वह पेट्रोल पंप के बगल में भवन का निर्माण कर रहा था. तेज हवा और बारिश के कारण सभी लोग काम छोड़कर भवन से उतर गये. बारिश थमने के बाद बशीर अपने चचेरे भाई के साथ दोबारा काम शुरू करने भवन पर चढ़ गया. तभी वज्रपात हुआ जिसकी चपेट में बशीर आ गया. ग्रामीणों के सहयोग से बशीर को जगन्नाथपुर अनुमंडल अस्पताल लाया गया जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया. सूचना मिलने के बाद प्रखंड विकास पदाधिकारी रामनारायण खलको व जगन्नाथपुर थाने के एसआइ ने अस्पताल पहुंचकर घटना की जानकारी ली. प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक अपने चाचा नूर शेख की देखरेख में काम करता था. ज्ञात हो कि पांच दिन पहले वज्रपात से पताहातु गांव में तीन लोगों की मौत हो चुकी है.
रायरंगपुर के बिशोई थाना क्षेत्र के बुढ़ी खोमारी गांव में शुक्रवार शाम को हुए वज्रपात में घर के आंगन में बैठे 26 वर्षीय युवक दुर्गा सोरेन की मौत हो गयी. सूचना के बाद बिशोई पुलिस ने शव को जब्त कर पोस्टमार्टम के लिए रायरंगपुर अस्पताल भेज दिया. मृतक के परिजनों ने प्रशासन से मुआवजे की मांग की है.
