खुशखबरी. नि:शुल्क होगा आवासीय विद्यालय
बालक व बालिकाओं के लिए अलग-अलग होगा स्कूल
डीएसइ ने प्रस्ताव बनाकर सरकार को भेजा, इसी माह होगी जमीन चिह्नित
विद्यार्थियों को सारी सुविधाएं मिलेंगी, बीइइओ करेंगे निगरानी
नामांकन के लिए नहीं देनी होगी परीक्षा, आर्थिक स्थिति देख होगा एडमिशन
चाईबासा : मनोहरपुर प्रखंड में बीपीएल व गरीब बच्चों के लिए नि:शुल्क आवासीय विद्यालय खोला जायेगा. राज्य सरकार के निर्देश पर डीएसइ ने प्रस्ताव बनाकर भेजा है. कस्तूरबा विद्यालय की तर्ज पर बालिका व बालकों के लिए अपने तरह का पहला आवासीय स्कूल होगा. यहां विद्यार्थियों की जरूरत की सारी चीजें नि:शुल्क होंगी. गुणवत्ता शिक्षा के साथ कौशल विकास का ज्ञान विद्यार्थियों को मिलेगा. इसी माह जमीन चिन्हित कर लिया जायेगा.
जमीन चिन्हित नहीं होने के वजह से बजट पास नहीं हुआ है. मनोहरपुर प्रखंड के सुदूर गांवों में आवासीय स्कूल बनेगा, जे बीइइओ की निगरानी में होगा. उसका गाइडलाइन अलग होगी, जिसे राज्य सरकार निर्धारित करेगी. स्कूल में शिक्षकों की नियुक्ति अलग से होगी.
स्कूल में 100-100 विद्यार्थियों का होगा नामांकन : इसी सत्र से स्कूल स्थापित करने की योजना है. मई में जमीन चिन्हित कर छह माह में स्कूल बन जायेगा. पहले सत्र में 100-100 विद्यार्थियों का नामांकन होगा. इसमें बालिका आवासीय विद्यालय में 100 विद्यार्थी व बालक आवासीय विद्यालय में 100 विद्यार्थी होंगे. नामांकन के लिए विद्यार्थी को किसी तरह की लिखित परीक्षा नहीं देनी होगी. बीपीएल कार्ड व परिवार की दयनीय स्थिति वाले विद्यार्थी उक्त स्कूल से शिक्षा ले सकते हैं.
