– गौरीशंकर –
चाईबासा : अब तक विद्यार्थी क्लास रूम की थ्योरी क्लास में ही पढ़ते आ रहे हैं कि हाइड्रोजन व ऑक्सीजन को मिलकर जल बनता है. मगर ये प्रक्रिया कैसे होती है इसकी कोई प्रायोगिक जानकारी विद्यार्थियों को नहीं होती.
थ्योरी के बाद रसायन, भौतिकी तथा जीव विज्ञान विषय में हाई स्कूल स्तर की तमाम थ्योरी को बच्चे अब प्रयोगशाला में न सिर्फ देखेंगे, समङोंगे बल्कि साबित होते हुए देखेंगे व करेंगे भी. विद्यार्थियों के लिए जिले के 16 हाई स्कूलों में 1.12 करोड़ रुपये की राशि से विज्ञान प्रयोगशाला का निर्माण कराया जा रहा है.
15 हाई स्कूलों में प्रति प्रयोगशाला 7.10 लाख रुपये आवंटित किये गये है. वहीं प्रोजेक्ट हाई स्कूल झींकपानी में 5.63 लाख रुपये खर्च किये जायेंगे. जिले की हाई स्कूल स्तर की शिक्षा में गुणवत्ता लाने की सरकार की ओर से एक माह के अंदर की गयी दूसरी पहल है. इससे पहले जिले में चार करोड़ की लागत से कंप्यूटर कक्ष, लाइब्रेरी व आर्ट एंड क्राफ्ट भवन बनाने की योजना की शुरुआत हो चुकी है.
