सिमडेगा. रौतिया समाज के प्रतिनिधिमंडल ने बानो, जलडेगा व कोलेबिरा के सीओ से मुलाकात कर विभिन्न समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा. ज्ञापन में कहा गया है कि रौतिया जाति पहनई, खतियानी खुटकटी, पनभरई सभी प्रकार के खतियानी हैं और रुढ़ीवादी परंपरा से पहान पूजा करते हैं. रौतिया जाति के लोग त्योहारों में प्रकृति उपासक पूजा करते हैं. लेकिन वर्तमान पेसा कानून के तहत समाज के लोगों को हक और अधिकार नहीं मिल रहा है. झारखंड सरकार द्वारा बनायी गयी पेसा नियमावली से रौतिया जाति के लोग ग्राम प्रधान बनने से वंचित हो रहे हैं. पूर्व में रौतिया जाति के लोग ग्राम प्रधान, प्रमुख आदि पदों पर थे. लेकिन वर्तमान में उक्त पदों से वंचित हैं. वर्तमान जनगणना में जाति कॉलम में रौतिया जाति की जाति स्पष्ट नहीं है, जिससे लोग असमंजस की स्थिति में हैं. इस संबंध में सुधार करने की मांग की है. ज्ञापन सौंपने वालों में समाज के प्रदेश अध्यक्ष रोहित सिंह, रवींद्र सिंह, ललित सिंह, शंकर सिंह, महेश सिंह, बलराम सिंह, राजू सिंह, राजेश सिंह, आजाद सिंह, गोपाल सिंह, लालमोहन सिंह, श्याम सुंदर सिंह, ललित सिंह, जगनारायण सिंह, संतोष सिंह, तारकेश्वर सिंह, लीलांबर सिंह, देव कुमार सिंह, दुबराज सिंह, रामविलास सिंह, प्रकाश सिंह, चैतन्य सिंह, राजेश सिंह, हीरानाथ सिंह, जगेश्वर सिंह आदि शामिल थे.
रौतिया समाज समस्याओं को लेकर सौंपा ज्ञापन
रौतिया समाज समस्याओं को लेकर सौंपा ज्ञापन
