सिमडेगा. शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में देव शिल्पी भगवान विश्वकर्मा की पूजा गुरुवार को पारंपरिक विधि-विधान से की गयी. शहरी क्षेत्र में विद्युत सब स्टेशन, पीएचडी विभाग, लैंपस के समीप टेंपो चालक संघ, बस स्टैंड में बस ओनर यूनियन, टैक्सी स्टैंड में ऑटो चालक संघ, पुलिस लाइन समेत अन्य स्थानों पर पूजा-अर्चना की गयी. पूजा पंडालों को आकर्षक ढंग से सजाया गया था. पुरोहितों ने विधिवत पूजा करायी, जिसके बाद प्रसाद का वितरण किया गया.
विद्युत सब स्टेशन सिमडेगा में पुरोहित अमित पाठक ने पूजा संपन्न करायी. उन्होंने कहा कि सनातन धर्म में भगवान विश्वकर्मा को देव शिल्पी और मशीनों का देवता माना गया है. मान्यता है कि तकनीकी कार्य शुरू करने से पहले भगवान विश्वकर्मा की पूजा करने से कार्य शुभ होता है. संध्या में पूजा पंडालों में प्रतिमा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ जुटी. 18 सितंबर को विभिन्न पूजा पंडालों से विसर्जन शोभायात्रा निकाली गयी, जिसके साथ विश्वकर्मा पूजा का समापन हुआ.
