बानो (सिमडेगा): बानो स्थित एसएस उच्च विद्यालय मैदान में भगवान बिरसा मुंडा और बानो थाना के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित पांच दिवसीय शहीद थाना प्रभारी विद्यापति सिंह एवं शहीद जवान तुराम विरूली स्मृति फुटबॉल प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला डोलडाड़ी और जय सरना बानो के बीच खेला गया. रोमांचक मुकाबले में जय सरना बानो ने टाईब्रेकर में 1-0 से जीत दर्ज कर खिताब अपने नाम किया.
समापन समारोह के मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक श्रीकांत एस. खोटरे थे. उन्होंने अन्य अतिथियों के साथ शहीद थाना प्रभारी विद्यापति सिंह एवं शहीद जवान तुराम विरूली के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. इसके बाद कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया. पारंपरिक पैकी नृत्य के साथ अतिथियों का स्वागत करते हुए उन्हें समारोह स्थल और खेल मैदान तक लाया गया. मैदान पहुंचने पर पुलिस अधीक्षक और अन्य अतिथियों ने दोनों टीमों के खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया.
खिलाड़ियों और दर्शकों को संबोधित करते हुए एसपी श्रीकांत एस. खोटरे ने कहा कि खेल केवल जीत-हार का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, भाईचारा, टीम भावना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा का प्रतीक है. उन्होंने खिलाड़ियों से खेल भावना के साथ खेलने का आह्वान करते हुए कहा कि खेल युवाओं को सही दिशा देता है और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है. उन्होंने खेल समिति बानो द्वारा शहीदों की स्मृति में आयोजित इस प्रतियोगिता की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं में राष्ट्रसेवा और सामाजिक दायित्वों के प्रति जागरूकता पैदा करते हैं.
इस अवसर पर अतिथियों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया. प्रतियोगिता में विजेता टीम जय सरना बानो को 15 हजार रुपये नगद और ट्रॉफी, जबकि उपविजेता डोलडाड़ी टीम को 10 हजार रुपये नगद एवं ट्रॉफी प्रदान की गयी. मैन ऑफ द सीरीज का पुरस्कार जय सरना बानो के नीतीश लकड़ा को दिया गया.
मौके पर बानो सर्किल इंस्पेक्टर भिखारी राम, सीओ सह बीटीओ नइमुद्दीन अंसारी, जिप सदस्य बिरजो कंडुलना, थाना प्रभारी श्याम नंदन सिंह, मुखिया विश्वनाथ बड़ाइक, वार्डन कमला बड़ाइक, विधायक प्रतिनिधि जगदीश बागे, तनवीर हुसैन, विदेशिया बड़ाइक, मनीर खान, संतोष साहू, प्रदीप कुमार सिंह, अरविंद कुमार, शब्बीर अंसारी, बबलू खान, मुकुल साहू, फिरू बड़ाइक, मो. फैज, सजहर कुरैशी, आनंद मसीह तोपनो, दुलार बा, अमुस कंडुलना सहित अन्य लोग मौजूद थे.
