Seraikela Kharsawan News : खरसावां शहीद स्थल के प्रथम पुजारियों को मिले सम्मान

दिउरी विजय सिंह बोदरा व मंगल सिंह मुंडा ने उपायुक्त को सौंपा ज्ञापन

By ATUL PATHAK | September 10, 2025 11:00 PM

खरसावां. खरसावां गोलीकांड की स्मृति में स्थापित शहीद स्थल पर पारंपरिक पूजा की शुरुआत करने वाले प्रथम दो पुजारियों के नाम को सरकारी दस्तावेजों में सूचीबद्ध करने की मांग की गयी है. इसके लिए शहीद स्थल के वर्तमान दियउरी विजय सिंह बोदरा और मंगल सिंह मुंडा ने जिले के उपायुक्त से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा. ज्ञापन में कहा गया है कि 1 जनवरी 1948 को खरसावां में हुए गोलीकांड में हज़ारों लोगों ने शहादत दी थी. इस हृदयविदारक घटना के दो वर्ष बाद 1 जनवरी 1950 से खरसावां के बेहरासाही गांव निवासी धरु मुंडा और कुचाई के बायांग गांव निवासी पगारी मुंडा ने पारंपरिक विधि-विधान के अनुसार शहीद बेदी दिरी दुल सुनुम नामक पूजा-अर्चना की शुरुआत की थी. यह परंपरा आज भी हर वर्ष 1 जनवरी को उनके वंशजों द्वारा विधिवत निभायी जाती है. ज्ञापन में मांग की गयी है कि धरु मुंडा और पगारी मुंडा इन दोनों प्रथम दियुरियों (पुजारियों) के नामों को आधिकारिक रूप से शहीद स्थल के अभिलेखों में दर्ज किया जाए, ताकि भविष्य की पीढ़ियां उनके योगदान से अवगत रह सकें.

वर्तमान पुजारियों के लिए सहयोग राशि की मांग :

ज्ञापन में यह भी आग्रह किया गया कि वर्तमान दियुरी विजय सिंह बोदरा और मंगल सिंह मुंडा को हर साल शहीद दिवस के अवसर पर पूजा सामग्री की खरीद और अन्य आयोजन संबंधी कार्यों के लिए सहयोग राशि उपलब्ध करायी जाए. यह न केवल पूजा की गरिमा को बनाए रखने में मदद करेगा, बल्कि पारंपरिक विधाओं को सम्मान देने का भी प्रतीक होगा. ज्ञापन सौंपने के दौरान रामचंद्र सौय, उमेश बोदरा, गुरुचरण डांगिल, पगारी डांगिल आदि मौजूद थे.

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