सरायकेला. जिला समाहरणालय सभागार में बुधवार को केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ की अध्यक्षता में जिला विकास समन्वय व निगरानी समिति (दिशा) की बैठक हुई. बैठक में खूंटी सांसद कालीचरण मुंडा, सिंहभूम सांसद जोबा मांझी व स्थानीय विधायकों की मौजूदगी में विभिन्न विभागों के कार्य प्रगति की समीक्षा की गयी. मंत्री ने कहा कि सभी लंबित और धीमी गति वाली योजनाओं को निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूर्ण करें. बैठक से अनुपस्थित प्रदूषण नियंत्रण विभाग के कार्यपालक अभियंता के प्रति कड़ी नाराजगी जताते हुए मंत्री ने उन्हें शो-कॉज (कारण बताओ नोटिस) जारी करने का निर्देश दिया. वहीं, सड़कों के निर्माण में लापरवाही बरतने वाले संवेदकों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए उन्हें ब्लैकलिस्ट करने की प्रक्रिया शुरू करने को कहा.
सड़क व बिजली : मई तक का अल्टीमेटम
जिप अध्यक्ष सोनाराम बोदरा द्वारा आमदा मोटू चौक से बडबिल गांव तक सड़क निर्माण में विलंब की शिकायत पर मंत्री ने संज्ञान लिया और इसे मई माह तक हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया. इसके अलावा, सरायकेला-चाईबासा, कांड्रा और राजनगर की जर्जर सड़कों की अविलंब मरम्मत सुनिश्चित करने को कहा गया. बिजली विभाग को जर्जर तार और खंभों को बदलकर निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया.
कुचाई पेयजल योजना में करोड़ों खर्च फिर भी लोग प्यासे:
बैठक में कुचाई के मारांगहातु जलापूर्ति योजना में करोड़ों खर्च के बावजूद लोगों को पानी नहीं मिलने का मुद्दा उठा. मंत्री ने इस पर टीम गठित कर जिले की सभी जलापूर्ति योजनाओं की जांच के आदेश दिए. कहा कि चापाकल व नल-जल योजना के विस्तार में गुणवत्ता से समझौता करने वालों पर कार्रवाई होगी.
शहरी क्षेत्र में नियमित रूप से हो कचरा का उठाव:
नगर निकायों को नियमित कचरा उठाव, वेस्ट मैनेजमेंट इकाइयों के संचालन और प्लास्टिक/थर्मोकोल के खिलाफ जागरुकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया. मुड़कुम में नियमों को ताक पर रखकर चल रहे क्रशरों की जांच कर उन पर भी कार्रवाई की बात कही गयी. बैठक में खरसावां विधायक दशरथ गागराई, ईचागढ़ विधायक सविता महतो, जिप अध्यक्ष सोनाराम बोदरा, डीसी नितिश कुमार सिंह, एसपी मुकेश लुणायत, नपं अध्यक्ष मनोज चौधरी, आदित्यपुर मेयर संजय सरदार, डीएफओ सबा आलम, डीडीसी रीना हांसदा और एसडीओ अभिनव प्रकाश उपस्थित थे.स्वास्थ्य और शिक्षा पर विशेष जोर
– उपस्थिति:
सभी स्वास्थ्य केंद्रों में चिकित्सक, एएनएम और सीएचओ की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित की जाए.
– कैंसर टीकाकरण:
सर्वाइकल कैंसर टीकाकरण अभियान को प्राथमिकता देने और स्थानीय भाषा में जागरुकता फैलाने का निर्देश दिया.
– शिक्षा:
विद्यालयों और आवासीय विद्यालयों में मूलभूत सुविधाएं दुरुस्त कर शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने को कहा गया.
– मॉडल स्कूल:
शहरी क्षेत्र के 13 स्कूलों को मॉडल स्कूल के रूप में विकसित करने पर चर्चा हुई.