फाइलेरिया को समाप्त करने के लिये एमडीएम कार्यक्रम आवश्यक

किसी भी प्रकार की भ्रांति या डर को दूर करने के लिये सामूहिक प्रयास जरूरी है

बरहेट. प्रखंड क्षेत्र के पंचकठिया बाजार पंचायत भवन में सोमवार को मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन की सफलता को लेकर मुखिया जसिंता टुडू की अध्यक्षता में जनप्रतिनिधियों की बैठक की गयी. जहां मुख्य रूप से मौजूद रहे पीरामल संस्था के देवाशीष कुमार ने उपस्थित सभी को बताया कि हाथीपांव (फाइलेरिया) जैसी गंभीर बीमारी को समाप्त करने के लिये एमडीएम कार्यक्रम अत्यंत आवश्यक है और इसमें किसी भी प्रकार की भ्रांति या डर को दूर करने के लिये सामूहिक प्रयास जरूरी है. साथ ही बताया कि यह बीमारी क्यूलेक्स मच्छर के माध्यम से फैलती है तथा साल में एक बार पूरी दवा खा लेने से इस बीमारी को रोका जा सकता है. उन्होंने गर्भवती महिला, 2 वर्ष से कम उम्र के बच्चे, गंभीर रूप से बीमार व्यक्ति एवं प्रसव के 7 दिनों के अंदर की महिलाओं को इस दवा का सेवन नहीं करने की अपील की. मौके पर एमपीडब्ल्यू सुनील मुर्मू, जितेश कुंदन, सतीश प्रसाद, विनोद टुडू के अलावे मिथुन कुमार, जैतून बीबी, हनीफ अंसारी, लखींद्र साह, राजेश ठाकुर, प्रदीप शर्मा सहित अन्य मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Abdhesh singh

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >