रेलवे जेनरल इंस्टीट्यूट में बैठक कर लिया निर्णय
फसल बीमा भुगतान व कृषि ऋण माफ करने की है प्रमुख मांग
साहिबगंज : झारखंड किसान संघ की बैठक रविवार को रेलवे जेनरल इंस्टीट्यूट में जिलाध्यक्ष लक्ष्मण यादव की अध्यक्षता में हुई. बैठक में चर्चा की गयी कि वर्ष 2008 से वर्ष 2016 तक लगातार किसानों द्वारा फसल बीमा करायी जाती है. पर बाढ़ व सुखाड़ में फसल नष्ट होने पर एक भी साल फसल बीमा का भुगतान नहीं किया गया. पूरे देश में किसानों की कर्ज माफी एवं कृषि ऋण सरकार द्वारा माफी की जा रही है. परंतु झारखंड सरकार फसल नष्ट एवं बाढ़ में डूब जाने के उपरांत भी अभी तक किसी तरह का कोई कृषि ऋण माफी नहीं की गयी है.
जिप उपाध्यक्ष सुनील यादव ने कहा किसानों के उत्पादन किये गये फसल पर 50 प्रतिशत लाभ जोड़कर समर्थन मूल्य देने का वायदा किया गया था. फसल क्रय केंद्र खोलकर समर्थन मूल्य पर किसानों के उपज फसल को खरीदा जायेगा जो कि अभी तक नही मिला है. सभी मांगों के समर्थन में हम सभी किसान झारखंड किसान संघ के बैनर तले विगत में झारखंड सरकार एवं डीसी को तीन-तीन बार अपने पत्र एवं समाचार पत्र द्वारा सूचित एवं उचित कार्रवाई हेतु दिया है. इसका अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है. अंतिम चेतावनी मुख्यमंत्री को डीसी के माध्यम से 17 जून को दी गयी थी. अगर मांगेें पूरी नहीं हुई तो किसान 15 दिनों के अंदर घेराव, धरना प्रदर्शन, सड़क जाम एवं अंत में सामूहिक आत्मदाह करेंगे. सर्वसम्मति से 13 जुलाई को समाहरणालय का घेराव करने का प्रस्ताव पारित किया गया. इस अवसर पर संघ के अनिल ओझा, संतोष यादव, वीर बहादुर सिंह, रघुवंश यादव, अरविंद गुप्ता, बास्कीनाथ चौबे, रामदरश यादव, मुन्ना मंडल, दीनाथ राय, गोवर्द्धन यादव, जर्नादन यादव, शंकर मंडल, अर्जुन पासवान सहित दर्जनों महिला व पुरुष उपस्थित थे.
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