मौसम की मार : तेज हवा-बारिश संग ओलावृष्टि, कारों के शीशे, घर के एस्बेस्टस टूटे, शौचालय पर गिरा पेड़

Weather Attack: झारखंड की राजधानी रांची में पिछले कई दिनों से दोपहर बाद मौसम बदल जा रहा है. तेज हवाओं के साथ बारिश हो रही है. शुक्रवार को तेज हवाओं के साथ बारश और ओलावृष्टि भी हुई. बिन मौसम इस बारिश ने काफी तबाही मचायी है. आसमान से पत्थर गिरने की वजह से कारों के शीशे टूट गये. तेज हवाओं की वजह से पेड़ उखड़ गये. बारिश की वजह से सड़कों पर जलजमाव हो गया, जिसने जनजीवन को अस्तव्यस्त कर दिया.

Weather Attack| झारखंड की राजधानी में बिन मौसम बारिश और ओलावृष्टि से करीब 3 घंटे तक जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा. दोपहर 2 बजे तेज हवा और आंधी-तूफान के साथ झमाझम बारिश हुई. बादल गरजने के साथ-साथ शुरू हुई बारिश करीब 2 घंटे चली. साथ में तेज हवा के साथ आंधी भी चली. आधी-तूफान के कारण शहर के कई इलाकों में पेड़ गिर गये. पेड़ गिरने के कारण और ओलावृष्टि से कार के शीशे भी टूट गये. बड़ा तालाब स्थित सुलभ शौचालय के पास एक बड़ा पेड़ भवन पर गिर गया. इससे सुलभ शौचालय की छत और दीवार क्षतिग्रस्त हो गयी. पेड़ गिरने की जानकारी मिलने के बाद नगर निगम की टीम पहुंची और पेड़ को काटकर हटाया. शुक्रवार देर शाम के बाद पेड़ को हटाया जा सका.

ओले जमाकर मस्ती करते दिखे लोग

ओलावृष्टि के दौरान लोग अपने घरों की छतों और सड़क पर जाकर ओले जमा करते दिखे. साथ ही ओलावृष्टि के बीच मस्ती करते भी नजर आये. मोरहाबादी हॉकी स्टेडियम में प्रैक्टिस कर रहे हॉकी खिलाड़ियों ने बारिश और ओलावृष्टि के बीच खूब आनंद उठाया. कई लोगों ने ओला के साथ फोटो और सेल्फी भी ली. उसे सोशल साइट पर साझा भी किया.

हरमू, कोकर में ओलावृष्टि से कार के शीशे टूटे

तेज बारिश के साथ मोरहाबादी, बरियातू, खेलगांव, हिनू, हरमू और कोकर सहित पूरी रांची में ओलावृष्टि भी हुई. ओले गिरने से कई कारों के शीशे टूट गये, जिससे कई वाहनों को काफी नुकसान भी हुआ.

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कई घरों के एस्बेस्टस व खपरैल टूट गये

ओलावृष्टि की वजह से कई घरों को एस्बेस्टस और खपरैल टूट गये. बिरसा मुंडा एयरपोर्ट के आसपास हुंडरू, हेथू, हरा टांड़, गड़हा टोली, छोटा घाघरा, डाडी डीपा, चंदा घासी, कुटे टोली और अन्य गांवों में ओलावृष्टि हुई. इससे कई घरों के एस्बेस्टस और खपरैल टूट गये. इससे लोगों को काफी क्षति हुई है.

सड़क पर हो गया जलजमाव

बारिश के कारण बरियातू रोड से रिम्स जाने वाले रास्ते में कुछ देर तक बारिश का पानी जमा रहा. जयपाल सिंह स्टेडियम के सामने और सेवा सदन के पास भी जलजमाव की स्थिति बनी रही. मेन रोड में भी कई जगहों पर जलजमाव हुआ. डेली मार्केट के पास भी पानी जमा रहा. इसके अलावा भी कई जगहों पर थोड़ी देर के लिए जलजमाव की स्थिति बनी. इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी उठानी पड़ी.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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