सरना-मसना स्थल पुरखों का धरोहर : मंत्री शिल्पी

प्रखंड के पंडरा, जमुनी और रोगो गांव में बुधवार को सरना-मसना स्थल की घेराबंदी योजना का शिलान्यास करते हुए कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कही.

प्रतिनिधि, बेड़ो.

सरना-मसना स्थल से ग्रामीणों का सांस्कृतिक, आध्यात्मिक व भावनात्मक जुड़ाव है. घेराबंदी के अभाव में लगातार ऐसे धरोहरों का अतिक्रमण हो रहा है. समाज की जागरूकता और सरकार की योजना से सरना-मसना स्थल पुरखों का धरोहर हैं और इसकी पहचान को बचाया जा सकता है. हम सबकी जिम्मेदारी है कि सरना-मसना स्थल को बचायें. उक्त बातें बेड़ो प्रखंड के प्रखंड के पंडरा, जमुनी और रोगो गांव में बुधवार को सरना-मसना स्थल की घेराबंदी योजना का शिलान्यास करते हुए कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कही. पंडरा मसना स्थल का 18 लाख 70 हजार रुपये, जमुनी सरना स्थल का 24 लाख 76 हजार रुपये, जमुनी मसना स्थल का 11 लाख 40 हजार रुपये और रोगो मसना स्थल का 16 लाख 45 हजार रुपये की लागत से घेराबंदी की जानी है. उन्होंने कहा कि बीएलओ के द्वारा एसआइआर कार्य किया जा रहा है. आप सतर्क रहें, अपने और अपने परिवार का सत्यापन हर हाल में करायें. मंत्री ने ग्रामीण किसानों को कृषि विभाग से मिलने वाली योजनाओं की जानकारी दी. ग्रामीणों के बीच कंबल का भी वितरण किया गया. मौके पर प्रो करमा उरांव, उप प्रमुख मुद्दसिर हक, रशीद मीर, बुधराम लोहरा, देवानंद सिंह, करमचंद भगत, चरवा उरांव, फहीम, महानंद सिंह, शंभु बैठा, सुबल उरांव, सूरज सिंह, बीरेंद्र उरांव, सामू मुंडा, मदन मुंडा, मांगरा मुंडा, शंकर मुंडा, टिपा मुंडा, केंबा उरांव आदि मौजूद थे.

सरना-मसना स्थल घेराबंदी योजना का कृषि मंत्री किया शिलान्यास

बेड़ो- पूजा कर शिलान्यास करती कृषि मंत्री व अन्य.B

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Published by: Kedar mahto bero

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