झारखंड में एसआइआर की तैयारी तेज, घर-घर जायेंगे बीएलओ
झारखंड में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण की तैयारी शुरू कर दी गयी है. इस प्रक्रिया के तहत राज्य में मतदाताओं का पिछली गहन पुनरीक्षण वाली मतदाता सूची से मैपिंग कराने का कार्य किया जा रहा है.
By PRABHAT GOPAL JHA | Updated at :
रांची. झारखंड में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण की तैयारी शुरू कर दी गयी है. इस प्रक्रिया के तहत राज्य में मतदाताओं का पिछली गहन पुनरीक्षण वाली मतदाता सूची से मैपिंग कराने का कार्य किया जा रहा है. यह जानकारी राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रविकुमार ने गुरुवार को निर्वाचन सदन में आयोजित बैठक में दी. उन्होंने बताया कि गहन पुनरीक्षण के दौरान बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) मतदाताओं के घर-घर जाकर इन्यूमेरेशन फॉर्म वितरित करेंगे और भरे हुए फॉर्म को संग्रहित भी करेंगे. साथ ही सभी मतदाताओं के घरों पर बीएलओ द्वारा स्टीकर भी लगाया जायेगा. इस स्टीकर में घर की संख्या के साथ संबंधित बीएलओ का नाम और मोबाइल नंबर अंकित रहेगा, जिससे कि नागरिक जरूरत पड़ने पर सीधे बीएलओ से संपर्क कर सकें.
कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से छूटेगा
उन्होंने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से छूट नहीं जाये. इसी को ध्यान में रखते हुए गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया व्यवस्थित ढंग से संचालित की जा रही है. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों से अपील की कि वह सभी मतदान केंद्रों पर अपने बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की नियुक्ति में तेजी लायें. उन्होंने कहा कि सभी बीएलए का मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण से संबंधित प्रशिक्षण भी पूरा करा लिया जाये, ताकि जमीनी स्तर पर बीएलओ के साथ काम करते समय भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो. बीएलए
से प्रमाणित कर प्रकाशित की जायेगी
एएसडीडी
सूची
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रविकुमार ने बताया कि सभी मतदान केंद्रों पर एब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ और डुप्लीकेट (एएसडीडी) से संबंधित सूची को बीएलओ द्वारा बीएलए से प्रमाणित कर प्रकाशित किया जायेगा. गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया में इन्यूमेरेशन फॉर्म, ड्राफ्ट पब्लिकेशन, एएसडीडी सूची, अधिसूचना और सुनवाई सहित सभी चरणों के बारे में विस्तृत जानकारी भी दी गयी. बैठक में संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुबोध कुमार, नोडल पदाधिकारी (प्रशिक्षण) देव दास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी धीरज ठाकुर सहित विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित थे.