रांची. अनगड़ा-सिल्ली रोड पर पेड़ की डाली गिरने से दो युवकों की मौत की घटना के बाद झारखंड से सेवानिवृत्त भारतीय वन सेवा के अधिकारी नरेंद्र मिश्र ने वन विभाग के अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की है. उन्होंने वन विभाग के सचिव, भारत सरकार और पूर्व मुख्य सचिव को पत्र लिखकर घटना में दोषी अधिकारियों को चिह्नित करने और मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने का आग्रह किया है.
60 दिनों में विशेष सर्वेक्षण कराने की मांग
नरेंद्र मिश्र ने राज्य की सभी अधिसूचित सड़क किनारे, नहर किनारे और अन्य रैखिक संरक्षित वनों का 60 दिनों के भीतर विशेष सर्वेक्षण कराने की मांग की है. उन्होंने कहा है कि सर्वेक्षण के दौरान मृत, सूखे, सड़े और खतरनाक ढंग से झुके पेड़ों की पहचान कर उनकी सूची तैयार की जाये. ऐसे पेड़ों को तय समय-सीमा के भीतर हटाने की व्यवस्था करने का भी आग्रह किया गया है.
मानसून से पहले हर साल हो पेड़ों का निरीक्षण
सेवानिवृत्त आइएफएस अधिकारी ने भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थायी प्रोटोकॉल बनाने की मांग की है. उन्होंने मानसून से पहले साल में कम से कम एक बार सड़क और अन्य संवेदनशील स्थानों के किनारे लगे पेड़ों का निरीक्षण सुनिश्चित करने का सुझाव दिया है. साथ ही, खतरनाक पेड़ों की पहचान के बाद समय पर कार्रवाई की व्यवस्था करने का आग्रह किया है.
