रांची के पंडरा बाजार में रोजाना करोड़ों का कारोबार, सुविधाएं है शून्य

रांची के पंडरा बाजार समिति (Pandara Bazar Samiti) में भले ही रोजाना करोड़ों रुपये का कारोबार होता है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर मंडी में कुछ भी दिखता है. यहां व्याप्त अव्यवस्थाओं पर न तो मार्केटिंग बोर्ड को ध्यान है और न ही पंडरा बाजार समिति का.

Ranchi News: पंडरा बाजार समिति (Pandara Bazar Samiti) में भले ही रोजाना करोड़ों रुपये का कारोबार होता है, लेकिन सुविधाओं के नाम पर मंडी में कुछ भी दिखता है. यहां व्याप्त अव्यवस्थाओं पर न तो मार्केटिंग बोर्ड को ध्यान है और न ही पंडरा बाजार समिति का. सुविधाओं के अभाव में यहां के व्यापारी, मोटिया मजदूर, ट्रक चालक, खलासी के अलावा बाहर से आनेवाले खरीदारों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

टूटी सड़कों पर बहता है नाली का पानी, पसरा है कचरा

बाजार समिति परिसर में प्रवेश करते ही लोगों का सामना टूटी सड़कों से होता है. यही हाल पूरे मंडी परिसर का है. इन टूटी सड़कों पर नाली का गंदा पानी बहता रहता है. वहीं, जहां-तहा कचरा पसरा हुआ है. आलू-प्याज मंडी में कचरा पसरा होने से हर समय दुर्गंध आता रहता है. बाजार समिति में कई चापाकल लगे हैं, जिनमें से अधिकतर खराब हैं. वहीं, शौचालयों की स्थित भी बेहद खराब है. इस कारण सबसे ज्यादा परेशानी मोटिया मजदूरों को होती है.

Also Read: अदालतों की सुरक्षा पर झारखंड हाईकोर्ट गंभीर,भवन सचिव तलब
सुरक्षित नहीं है मंडी परिसर, स्ट्रीट लाइट का भी अभाव

पंडरा बाजार समिति परिसर में सुरक्षा का भी घोर अभाव है. परिसर के चारों ओर बनी चहारदीवारी जगह-जगह से टूट चुकी है. इस कारण अक्सर दुकान और गोदामों में चोरी की घटनाएं होती रहती हैं. वहीं, कई बड़े आपराधिक वारदात भी हो चुके हैं. यही नहीं, स्ट्रीट लाइट दुरुस्त नहीं होने के कारण मंडी परिसर में कई जगहों पर अंधेरा छाया रहता है. इस वजह से अंधेरा होने के बाद परिसर के कुछ हिस्सों में कई असामाजिक तत्वों का जमावड़ा भी लग जाता है.

मंडी में पानी और शौचालय की दिक्कत

मंडी में पीने के लिए पानी नहीं मिलता. वहीं शौचालय की हालत भी खस्ता है. हम जैसे मजदूर ज्यादातर समय यहीं पर गुजारते हैं. सभी को छोटी-छोटी सुविधाओं के लिए भी जूझना पड़ रहा है. पंडरा बाजार में सबसे अधिक दिक्कत पानी और शौचालय को लेकर होती है. पीने के पानी के लिए अधिक परेशानी होती है. शाम होते ही सड़कों पर अंधेरा पसर जाता है. बहुत परेशानी होती है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >