Ranchi news . शराब घोटाला मामला: विनय सिंह को मिली अग्रिम जमानत

एसीबी के विशेष न्यायाधीश योगेश कुमार सिंह की अदालत से अग्रिम जमानत दे दी.

रांची. शराब घोटाला मामले में ऑटो मोबाइल कारोबारी विनय सिंह को एसीबी के विशेष न्यायाधीश योगेश कुमार सिंह की अदालत से अग्रिम जमानत दे दी. वह निलंबित आइएएस विनय चौबे के करीबी हैं. एसीबी ने उन्हें नोटिस देकर पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन जब वे उपस्थित नहीं हुए, तो एसीबी कोर्ट ने उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट निर्गत किया था. उसके बाद उन्होंने कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की थी. उस पर पहले सुनवाई हुई थी. अदालत ने फैसला सुरक्षित रख लिया था. गौरतलब है कि शराब घोटाला मामले में पूर्व उत्पाद सचिव विनय चौबे, पूर्व उत्पाद के संयुक्त आयुक्त गजेंद्र सिंह, जीएम वित्त सुधीर कुमार दास, जीएम ऑपरेशन सह वित्त सुधीर कुमार, सेवानिवृत्त उत्पाद अधिकारी अमित प्रकाश, छत्तीसगढ़ के शराब कारोबारी सिद्धार्थ सिंघानिया सहित आठ आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है.

गोली चलाने के मामले के तीनों आरोपी बरी

रांची. अपर न्याययुक्त अखिलेश कुमार सिंह की अदालत ने मछली पकड़ने को लेकर गोली चलाने के विवाद के आरोपी किशन पाहन, भोलू मिर्धा और आनंद मिर्धा (गोंदा थाना क्षेत्र निवासी) को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. प्राथमिकी के अनुसार, घटना 17 जुलाई 2020 की है. पीयूष कुमार अपने दोस्त सौरभ और शिवांशु कुमार के साथ हातमा बस्ती के तालाब में नहाने गया था, तभी भोलू मिर्धा अपने साथी किशन और आनंद के साथ वहां पहुंचा था. भोलू ने कहा : हमलोग मछली का जीरा तालाब में डाले हैं और तुमलोग मछली मार रहे हो. यह कहते हुए भोलू ने कमर से पिस्टल निकलकर फायरिंग कर दी थी. गोली पीयूष के पैर में लगी, जिससे वह घायल हो गया था. इस संबंध में उसने गोंदा थाना में प्राथमिकी दर्ज करायी थी.

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Published by: Deepesh kumar

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