13 किमी की रफ्तार से बढ़ा चक्रवाती तूफान ‘फेंगल’, जानें, झारखंड में कैसा रहेगा कल का मौसम

Kal Ka Mausam: प्रचंड चक्रवाती तूफान ‘फेंगल’ 13 किमी की रफ्तार से बढ़ रहा है. झारखंड पर भी इसका असर दिखने वाला है. जानें, झारखंड में कैसा रहेगा कल का मौसम.

Kal Ka Mausam: बंगाल की खाड़ी में दक्षिण-पश्चिम में उठा प्रचंड चक्रवाती तूफान ‘फेंगल’ 6 घंटे तक 13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम-पश्चिमोत्तर की ओर बढ़ा. इस चक्रवाती तूफान की वजह से झारखंड के कई जिलों में बारिश के आसार हैं. मौसम केंद्र के प्रमुख अभिषेक आनंद ने बताया कि झारखंड में कल का मौसम कैसा रहने वाला है.

झारखंड के कई जिलों में होगी बारिश, कहीं बूंदाबांदी

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के रांची स्थित मौसम केंद्र के अभिषेक आनंद ने बताया कि ‘फेंगल’, जिसे ‘फेनजल’ चक्रवाती तूफान भी कहा जा रहा है, के असर से झारखंड के कुछ जिलों में वर्षा होगी. कहीं बूंदाबांदी होगी, तो कहीं तापमान में वृद्धि होगी. उन्होंने यह भी बताया कि झारखंड के किन जिलों में इसके असर से वर्षा होगी और कब प्रचंड ठंड पड़ेगी.

चेन्नई, पुडुचेरी से कितनी दूर है ‘फेंगल’ चक्रवात?

इससे पहले जान लीजिए कि चक्रवाती तूफान ‘फेंगल’ कब तमिलनाडु-पुडुचेरी के तट को पार करेगा. इस संबंध में मौसम वैज्ञानिक ने कहा कि चक्रवाती तूफान ‘फेंगल’ पुडुचेरी से 120 किलोमीर, चेन्नई से 110 किलोमीटर, नागपट्टिनम से 200 किलोमीटर और त्रिंकोमाली से 420 किलोमीटर दूर है.

70 से 80 किलोमीटर की रफ्तार से समुद्र तट को पार करेगा ‘फेंगल’

मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि आज रात कराईकल और महाबल्लिपुरम से इस चक्रवाती तूफान के गुजरने की संभावना है. 30 नवंबर की देर शाम यह 70 से 80 किलोमीटर की रफ्तार से गुजरेगा. इसके असर से झारखंड के दक्षिणी भागों में कहीं-कहीं हल्के दर्जे की वर्षा हो सकती है. इसके बाद एक-दो दिन में न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री तक की वृद्धि होगी. इसके बाद तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा जाएगा.

कल सुबह झारखंड में छाया रहेगा कोहरा या धुंध

मौसम वैज्ञानिक के मुताबिक, कल यानी 1 दिसंबर को झारखंड में सुबह के समय हल्के से मध्यम दर्जे का कोहरा या धुंध छाया रहेगा. इसके बाद आंशिक बादल छाए रहेंगे. दक्षिणी हिस्से यानी कोल्हान प्रमंडल के पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां और सिमडेगा जिले में कहीं-कहीं वर्षा होगी. इसके अलावा शेष भाग में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है.

24 घंटे के दौरान ऐसा रहा झारखंड का मौसम

मौसम वैज्ञानिक ने यह भी बताया कि पिछले 24 घंटे के दौरान झारखंड में कहीं भी वर्षा नहीं हुई. मौसम शुष्क रहा. इस दौरान सबसे अधिक उच्चतम तापमान गोड्डा में और सबसे कम न्यूनतम तापमान हजारीबाग में दर्ज किया गया. गोड्डा का उच्चतम तापमान 29.4 डिग्री सेंटीग्रेड रिकॉर्ड किया गया. हजारीबाग का न्यूनतम तापमान 10.8 डिग्री सेंटीग्रेड रहा.

नवंबर में सबसे अधिक अधिकतम तापमान कब रिकॉर्ड किया गया?

झारखंड में नवंबर के महीने में अच्छी-खासी ठंड पड़ने लगती है. मौसम विभाग के पिछले 50 साल के रिकॉर्ड पर गौर करेंगे, तो पाएंगे कि 6 नवंबर 2001 को रांची का अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेंटीग्रेड रिकॉर्ड किया गया.

रांची में नवंबर में सबसे कम न्यूनतम तापमान कब रहा?

रांची में नवंर के महीने में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेंटीग्रेड तक गिर चुका है. मौसम विभाग के रिकॉर्ड बताते हैं कि पिछले 50 साल में 30 नवंबर को 2 बार न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेंटीग्रेड हो गया. 30 नवंबर 1960 और 30 नवंबर 1970 को रांची का न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेंटीग्रेड दर्ज किया गया था.

रांची में नवंबर का औसत अधिकतम तापमान कितना है?

झारखंड की राजधानी रांची में नवंर के महीने में अधिकतम तापमान 25.7 डिग्री सेंटीग्रेड रहता है.

रांची में नवंबर का औसत न्यूनतम तापमान कितना होता है?

रांची में नवंबर महीने का औसत न्यूनतम तापमान 14.1 डिग्री सेंटीग्रेड रहता है. मौसम विभाग के पिछले 50 साल के रिकॉर्ड से यह जानकारी सामने आई है.

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