झारखंड के दो आईपीएस अफसरों को मिली बड़ी जिम्मेदारी, विजया लक्ष्मी CRPF और चंदन कुमार झा CISF के बने चीफ

Ranchi News: झारखंड कैडर की 2006 बैच की आईपीएस अन्नेपु विजया लक्ष्मी को सीआरपीएफ में आईजी और 2011 बैच के आईपीएस चंदन कुमार झा को सीआईएसएफ में डीआईजी नियुक्त किया गया है. गृह मंत्रालय ने प्रतिनियुक्ति के आधार पर दोनों अधिकारियों की नियुक्ति संबंधी आदेश जारी किया है. इससे जुड़ी खबर नीचे पढ़ें.

रांची से प्रणव की रिपोर्ट

Ranchi News: झारखंड कैडर के दो वरिष्ठ भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारियों को केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं. गृह मंत्रालय ने एक जून को जारी आदेश के तहत वर्ष 2006 बैच की आईपीएस अधिकारी अन्नेपु विजया लक्ष्मी को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) में महानिरीक्षक (आईजी) पद पर नियुक्त किया है. वहीं वर्ष 2011 बैच के आईपीएस अधिकारी चंदन कुमार झा को केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) में उप महानिरीक्षक (डीआईजी) के पद पर प्रतिनियुक्ति के आधार पर तैनात किया गया है.

अन्नेपु विजया लक्ष्मी को मिली आईजी की जिम्मेदारी

झारखंड कैडर की 2006 बैच की वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी अन्नेपु विजया लक्ष्मी को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल में आईजी के पद पर नियुक्त किया गया है. उनकी नियुक्ति प्रतिनियुक्ति के आधार पर की गई है. विजया लक्ष्मी राज्य में विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर अपनी सेवाएं दे चुकी हैं और प्रशासनिक दक्षता के लिए जानी जाती हैं. सीआरपीएफ देश का सबसे बड़ा अर्धसैनिक बल है, जिसकी भूमिका आंतरिक सुरक्षा, नक्सल विरोधी अभियान और संवेदनशील क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है. ऐसे में उनकी यह नियुक्ति झारखंड कैडर के लिए भी गौरव का विषय है.

चंदन कुमार झा बने CISF में डीआईजी

गृह मंत्रालय के आदेश के अनुसार झारखंड कैडर के वर्ष 2011 बैच के आईपीएस अधिकारी चंदन कुमार झा को केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल में डीआईजी पद की जिम्मेदारी दी गई है. उनकी नियुक्ति भी प्रतिनियुक्ति के आधार पर की गई है. सीआईएसएफ देश के प्रमुख औद्योगिक प्रतिष्ठानों, हवाई अड्डों, मेट्रो रेल सेवाओं, परमाणु एवं अंतरिक्ष संस्थानों की सुरक्षा का दायित्व संभालता है. ऐसे महत्वपूर्ण संगठन में डीआईजी के रूप में नियुक्ति को बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है.

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झारखंड के लिए गर्व की बात

झारखंड कैडर के दोनों आईपीएस अधिकारियों को केंद्रीय सुरक्षा बलों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलना राज्य के लिए गौरव की बात मानी जा रही है. पुलिस महकमे के अधिकारियों और कर्मचारियों ने दोनों अधिकारियों को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दी हैं. माना जा रहा है कि अपने अनुभव और नेतृत्व क्षमता के बल पर दोनों अधिकारी केंद्रीय सुरक्षा बलों में महत्वपूर्ण योगदान देंगे.

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Published by: KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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