ED Raid in Jharkhand : रांची में सुबह–सुबह ईडी ने मारा छापा, जानें किसके ठिकाने पर पहुंची एजेंसी

ED Raid in Jharkhand : जांच एजेंसी ईडी ने अघोषित विदेशी संपत्ति मामले में झारखंड में एक चार्टर्ड अकाउंटेंट के परिसरों पर छापे मारे.

ED Raid in Jharkhand : प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने विदेश में कथित रूप से अघोषित संपत्ति रखने के मामले में रांची के एक चार्टर्ड अकाउंटेंट और उसके सहयोगियों के खिलाफ मंगलवार को छापे मारे. एक अधिकारियों ने बताया कि चार्टर्ड अकाउंटेंट और संदिग्ध हवाला ऑपरेटर नरेश कुमार केजरीवाल, उनके कुछ पारिवारिक सदस्यों और सहयोगियों के रांची, मुंबई और सूरत स्थित परिसरों की विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) के प्रावधानों के तहत तलाशी ली जा रही है.

नरेश कुमार केजरीवाल का अघोषित विदेशी मुखौटा संस्थाओं पर नियंत्रण

ईडी के अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई आयकर विभाग के निष्कर्षों के आधार पर की गई है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि नरेश कुमार केजरीवाल का संयुक्त अरब अमीरात, नाइजीरिया और अमेरिका में अघोषित विदेशी मुखौटा संस्थाओं पर नियंत्रण हैं, और इनका प्रबंधन भारत से प्रभावी ढंग से किया जाता है. उन्होंने बताया कि इन परिसंपत्तियों में 900 करोड़ रुपये से अधिक की अघोषित राशि जमा है और संदेह है कि लगभग 1,500 करोड़ रुपये ‘‘फर्जी’’ ‘टेलीग्राफिक’ हस्तांतरण के माध्यम से भारत में वापस भेजे गए.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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