हिंदपीढ़ी में मिले 17 विदेशी सहित 22 लोग, सभी को आइसोलेशन वार्ड में कराया गया भर्ती

रांची के हिंदपीढ़ी थाना क्षेत्र स्थित बड़ी मस्जिद से पुलिस ने सोमवार दोपहर 17 विदेशी नागरिकों समेत कुल 22 लोगों को पकड़ा. सभी छिपकर रह रहे थे. पुलिस ने सभी को खेलगांव स्थित आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया है.

रांची : रांची के हिंदपीढ़ी थाना क्षेत्र स्थित बड़ी मस्जिद से पुलिस ने सोमवार दोपहर 17 विदेशी नागरिकों समेत कुल 22 लोगों को पकड़ा. सभी छिपकर रह रहे थे. पुलिस ने सभी को खेलगांव स्थित आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया है. पकड़े गये लोगों में आठ (चार दंपती) मलेशिया के, तीन इंग्लैंड, दो वेस्टइंडीज, एक हॉलैंड, एक बांग्लादेश, दो दक्षिण अफ्रीका के, दो दिल्ली, एक गुजरात, एक हैदराबाद और एक मुंबई के रहनेवाले हैं.

पुलिस को सूचना मिली थी कि पिछले कुछ दिनों से हिंदपीढ़ी बड़ी मस्जिद में दर्जनों विदेशी नागरिक छिप कर रह रहे हैं. इसी सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मेडिकल टीम को बुलाकर वहां रह रहे सभी को खेलगांव स्थित आइसोलेशन वार्ड भेजा. वहां रिम्स से पहुंचे चिकित्सकों की टीम ने सभी की जांच की. सैंपल जांच का चिकित्सकों को इंतजार है. पकड़े गये लोग खुद को धर्म प्रचारक बता रहे हैं. पुलिस सभी के दस्तावेजों की जांच कर रही है.

17 मार्च को आठ तथा 18 मार्च को 14 लोग आये थे : हिंदपीढ़ी थाना प्रभारी ने बताया कि एक जमात 17 मार्च को तथा दूसरा जमात 18 मार्च को आया था. पहले जमात में मलेशिया के चार दंपती यानी आठ लोग तथा दूसरे जमात में तीन इंग्लैंड, एक पोलैंड, एक बांग्लादेश, दो वेस्टइंडीज, दो दक्षिण अफ्रीका व पांच गाइड आये थे. ये सभी धर्म प्रचारक हैं. ये लोग यहां रहकर इस्लाम के संबंध में बताते हैं.

इसी दौरान अचानक कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर लॉकडाउन की घोषणा किये जाने के बाद सभी मस्जिद में ही रुक गये. 14 दिनों तक आइसोलेशन वार्ड में रहने के डर से सभी मसजिद में छिपे हुए थे. पुलिस का कहना है कि विदेश से रांची आने के बाद उन्हें एसपी ऑफिस के विदेश विभाग को सूचना देनी चाहिए थी. उनलोगों ने पुलिस को बताया कि एक सीआइडी इंस्पेक्टर की सारी जानकारी दी थी. उसने कहा था कि वह सभी विभाग को इनके संबंध में जानकारी दे देगा. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. बताया जाता है कि इन सभी के लोकल गार्जियन के रूप में हाजी रहमान व पूर्व पार्षद असलम बताये जा रहे हैं.

तमाड़ से भी पकड़े गये थे 11 विदेशी नागरिक : हाल ही में रांची के ही तमाड़ थाना क्षेत्र के रड़गांव मस्जिद से 11 विदेशी नागरिकों को पुलिस ने पकड़ कर सभी को मुसाबनी स्थित कांस्टेबल पुलिस ट्रेनिंग स्कूल में क्वारेंटाइन किया गया है.

17 मार्च को आठ और 18 मार्च को 14 लोग आये थे हिंदपीढ़ी, दो मस्जिद में छिप कर रह रहे थे

खुद को बताते हैं धर्म प्रचारक, खेलगांव आइसोलेशन में भर्ती किये गये, वीजा और पासपोर्ट किया गया जब्त

कौन कहां का निवासी

नाम निवासी

जाहिद कबीर इंग्लैंड

हाजी दिलवर हुसैन इंग्लैंड

सिलौन हुसैन इंग्लैंड

महासिन अहमद इंग्लैंड

नदीम खान वेस्टइंडीज

फारुख खान वेस्टइंडीज

फारिमान सीजे दक्षिण अफ्रिका

मुसा जफो दक्षिण अफ्रिका

शैफुर इस्लाम पोलैंड

अजीमबीन सुलेमान मलेशिया

राशिदा नजीहा मलेशिया

महाघिर बीन मलेशिया

नौर आशिदा मलेशिया

नौर जमद जमन मलेशिया

शीती आनशा मलेशिया

शफीक बिन सतीशा मलेशिया

नौर हराती मलेशिया

युनूस गफोरिया गुजरात

मो इमरान कुर्ला मुंबई

मो मोजम्मिन हैदराबाद

अफाक अली दिल्ली

रोशन जहां दिल्ली

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Author: Pritish Sahay

Published by: Prabhat Khabar

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

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