हेहल में दिन में खाने-पीने के दौरान अमित ने दी थी दो दोस्त को गोली मारने की धमकी
गुस्साये आराेपितों ने उसी शाम मुड़ला पहाड़ पर दिया घटना को अंजाम
रांची : सुखदेवनगर नगर थाना क्षेत्र के मुड़ला पहाड़ पर 18 अक्तूबर 2019 को मिले अधजले शव के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है. मामले में गणेश खलखो, रोहित तिर्की, इंदुआ तिर्की, सुभाष सेठ तथा रवि गोप उर्फ बड़कू को गिरफ्तार किया गया है. कोतवाली डीएसपी अजीत कुमार विमल ने बताया कि बरामद शव की पहचान अमित कुमार श्रीवास्तव उर्फ मुन्ना के रूप में हुई थी. अमित ने अपने दो दोस्तों गणेश खलखो व रोहित तिर्की को गोली मार देने की धमकी दी थी. इसी विवाद के कारण गिरफ्तार पांचों आरोपी ने मिल कर उसकी हत्या कर दी. बाद में शव की पहचान मिटाने के लिए उसे जला दिया गया. कोतवाली डीएसपी ने कहा कि अमित 16 अक्तूबर 2019 से अपने घर से लापता था.
उसके पिता अशोक कुमार श्रीवास्तव के बयान पर सुखदेवनगर थाना में सनहा दर्जकराया गया था. 18 अक्तूबर को अधजला शव मिलने के बाद मामले में अज्ञात के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गयी थी. कोतवाली डीएसपी के अनुसार, रातू के चटकपुर निवासी अशोक कुमार श्रीवास्तव का पुत्र अमित कुमार श्रीवास्तव चालक का काम करता था.
वह पंडरा में सहदेवनगर (लक्ष्मीनगर) में अपने मामा के घर में रहता था. उसकी दोस्ती जयप्रकाश नगर पहाड़ीटोला निवासी गणेश खलखो, पिस्कामोड़ के टंगराटोली निवासी इंदूवा तिर्की, हेहल मुड़ला पहाड़ के समीप रहनेवाले राेहित तिर्की उर्फ राेहित कच्छप, रातू रोड बिड़ला मैदान के समीप रहनेवाले सुभाष सेठ, पंडरा के सीसीएल कॉलोनी निवासी रवि गोप उर्फ बड़कू से थी. 16 अक्तूबर 2019 की दोपहर अमित के साथ पांचों आरोपी ने हेहल में एक जगह बैठ कर खाया-पिया.
उसी दौरान कुछ विवाद हुआ, तो अमित ने नशे में गणेश खलखो उर्फ रोहित तिर्की को गोली मार कर हत्या करने की धमकी दी. उनमें थोड़ी मारपीट भी हुई. अन्य दोस्तों ने मामले को संभाला और अमित ने माफी भी मांग ली. बाद में फिर वे लोग शराब पीये और घूमने के लिए मुड़ला पहाड़ पर चले गये. उस समय अंधेरा हो गया था. गणेश व रोहित ने धमकी के कारण उसके साथ मारपीट की और बाद में पत्थर से कूच कर उसकी हत्या कर दी.
18 अक्तूबर 2019 मुड़ला पहाड़ से मिला था अमित का अधजला शव
मृतक अमित के मोबाइल से आरोपियों तक पहुंची पुलिसकोतवाली डीएसपी ने बताया कि मृतक अमित श्रीवास्तव का मोबाइल गणेश खलखो ले गया था. मोबाइल के लोकेशन के आधार पर पुलिस उस तक पहुंची.उससे कड़ी पूछताछ में ही पूरे मामले का खुलासा हुआ. गणेश ने ही अन्य आरोपियों के बारे में जानकारी दी.
