रांची : चंद्रयान-2 के सफल परीक्षण में एचइसी की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही है. एचइसी में मोबाइल लांचिंग पैड, टावर क्रेन, हॉरिजेंटल स्लाइडिंग डोर, 400 टन इओटी क्रेन और फोल्डिंग कम वर्टिकल प्लेटफाॅर्म बनाया गया था. मोबाइल लांचिंग पैड की डिजाइन, मैन्युफैक्चरिंग और इरेक्शन का काम हुआ है. इसका वजन 800 टन है, जो आठ भाग में बनाया गया है. 10 टन टावर क्रेन की ऊंचाई 80 मीटर और हॉरिजेंटल स्लाइडिंग डोर की ऊंचाई 47 मीटर थी. इन सभी उपकरणाें को बनाने में स्पेशल स्टील का प्रयोग किया गया है, जो अधिक ताप को भी आसानी से झेल सकता है.
मेकन के रांची कार्यालय में तैयार हुई है लांच पैड की डिजाइन
चंद्रयान-2 के सफल प्रक्षेपण में मेकन का भी योगदान है. इसरो ने 1999 में दूसरा लांच पैड विकसित करने का कॉन्ट्रेक्ट मेकन को दिया था. प्रोजेक्ट से जुड़े मेकन के उप महाप्रबंधक निशिथ कुमार व संयुक्त महाप्रबंधक रंजीत कुमार ने बताया कि इस लांच पैड की डिजाइन मेकन के रांची कार्यालय में ही तैयार की गयी थी. इसमें अभियांत्रिकी, खरीद और निर्माण भी शामिल है. लांच पैड और इसकी डिजाइन अति आधुनिक है. यह काम बहुत ही चुनौतीपूर्ण था. लांच पैड की डिजाइन में जरा सी भी गलती पूरे मिशन को असफल कर सकती थी. मेकन के बनाये अतिआधुनिक लांच पैड से 22 से ज्यादा उपग्रह प्रक्षेपित हो चुके हैं.
