- विरोध l 65 हजार पारा शिक्षक मांगों के पूरा होने का कर रहे हैं इंतजार, आश्वासन का दे रहे हवाला
- शिक्षा मंत्री ने 15 अगस्त तक सकारात्मक कार्रवाई का दिया था आश्वासन
- 18 अगस्त को मोर्चा की बैठक में राज्यव्यापी आंदोलन की होगी घोषणा
रांची : राज्य के 65 हजार पारा शिक्षक एक बार फिर आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं. पारा शिक्षक 15 अगस्त तक इंतजार करेंगे. एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा के संजय दूबे ने बताया कि स्कूली शिक्षा व साक्षरता मंत्री ने पिछले दिनों पारा शिक्षकों को 15 अगस्त तक उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया था. ऐसे में अगर 15 अगस्त तक पारा शिक्षकों की सेवा शर्त नियमावली तैयार नहीं की जाती है, तो मोर्चा 16 अगस्त से आंदोलन करेगा.
16 अगस्त को पारा शिक्षक राज्य भर में स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग के प्रधान सचिव का पुतला दहन करेंगे. इसके बाद 18 अगस्त को मोर्चा की बैठक होगी. बैठक में राज्यव्यापी आंदोलन की घोषणा की जायेगी. 25 अगस्त को पारा शिक्षक राज्य के सभी जिला मुख्यालय से न्याय यात्रा निकलेंगे. इसके बाद भी मांग पूरी नहीं होने पर पांच सितंबर से पारा शिक्षक उग्र आंदोलन करेंगे.
तीन दिन में मृत पारा शिक्षकों के परिजनों को मिलेगा मुआवजा, निदेशक ने दिया निर्देश
रांची : राज्य में पारा शिक्षकों के आंदोलन के दौरान जिन पारा शिक्षकों का निधन हुआ था, उनके परिजनों को एक-एक लाख रुपये मुआवजा राशि देने का ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है.
झारखंड शिक्षा परियोजना निदेशक ने सभी जिलों के जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया है कि वे 14 अगस्त को राज्य परियोजना कार्यालय से अपने जिले से संबंधित ड्राफ्ट प्राप्त करना सुनिश्चित कर लें. तीन दिनों के अंदर पारा शिक्षक के परिजन को उपायुक्त के माध्यम से ड्राफ्ट उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने को कहा गया है.
ज्ञात हो कि पारा शिक्षक 15 नवंबर 2018 से 16 जनवरी 2019 तक आंदोलन पर थे. इस दौरान राज्य भर में लगभग 23 पारा शिक्षकों का निधन हो गया था. मुख्यमंत्री ने आंदोलन के दौरान जिन पारा शिक्षकों का निधन हुआ था, उनके परिजनों को एक-एक लाख रुपये मुआवजा राशि देने की घोषणा की थी. उसके बाद इस संबंध में गंभीरतापूर्वक पहल की गयी.
पारा शिक्षकों को फरवरी और मार्च का नहीं मिला मानदेय
रांची. राज्य के लगभग 65 हजार पारा शिक्षकों को फरवरी और मार्च माह का मानदेय नहीं मिला है. एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा ने सरकार से पारा शिक्षकों के बकाया मानदेय का जल्द भुगतान करने की मांग की है. वित्तीय वर्ष 2019-20 में अप्रैल से जून महीने तक का मानदेय दिया गया है.
पिछले वित्तीय वर्ष में फरवरी और मार्च का मानदेय नहीं मिला है. मोर्चा के संजय दूबे ने कहा कि पारा शिक्षकों को जुलाई का भी मानदेय नहीं मिला है. उन्होंने सरकार से बकाया मानदेय का भुगतान जल्द करने की मांग की है.जिससे आर्थिक परेशानी दूर हो सके.
