अजय दयाल
रांची : राजधानी में हर दूसरे दिन महिलाओं से चेन छिनतई की खबरें सामने आती रहती है. इन घटनाओं को अंजाम देने से पहले गिरोह के सदस्यों को बकायदा ट्रेनिंग दी जाती है. यह खुलासा पिछले दिनों पुलिस की पकड़ में आये चेन छिनतई गिरोह के सदस्य इरफान ने किया है. पिछले दिनों कोतवाली पुलिस ने चेन छिनतई के आरोप में उसे गिरफ्तार किया था.
उसने पुलिस को बताया कि कांटा टोली निवासी शाकिब उर्फ देवा तथा पिठोरिया निवासी सैफ द्वारा गिरोह के सदस्यों को चेन छिनतई की ट्रेनिंग दी जाती है. ट्रेनिंग के दौरान बताया जाता है कि चेन छिनतई के क्रम में हमेशा यह सावधानी बरतें कि महिलाओं को नुकसान न पहुंचे. ट्रेनिंग लेने के बाद गिरोह के सदस्य घटना को अंजाम देना शुरू करते हैं.
शाकिब उर्फ देवा व पिठोरिया के सैफ के गिरोह में कई सदस्य है़ं काफी मशक्कत के बाद जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र में 16 अप्रैल 2019 को हुई घटना के बाद देवा सहित उसके गिरोह के तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया था. उस समय उसे जेल भेज दिया गया, फिर कुछ दिनों बाद वह जमानत पर जेल से बाहर आ गया और घटना को अंजाम देने लगा. इरफान के अनुसार देवा और सैफ से ट्रेनिंग लेकर राजधानी में चेन छिनतई के कई गिरोह काम कर रहे है़ं
कोतवाली पुलिस की पकड़ में आये इरफान ने कहा : 18-22 वर्ष के युवा हैं गिरोह के सदस्य
नशा व गर्लफ्रेंड को गिफ्ट देने के लिए छीनते हैं चेन
इरफान ने पुलिस को बताया कि उसके चेन छिनतई गिरोह में 18 से 22 वर्ष के युवा शामिल हैं. गिरोह के युवा चेन छिनतई अपनी गर्लफ्रेंड को गिफ्ट देने अथवा नशा के लिए करते हैं. मुख्य रूप से नशा के आदि हो चुके ये युवा छिनतई करने के बाद चेन औने-पौने दाम में बेच देते हैं.
इसके बाद उससे जो पैसा मिलता है, उससे नशे का सेवन करते है़ं दो जून को इरफान व एक अन्य नाबालिग ने सेवा सदन के पास मां का इलाज कराने आयी एक महिला से चेन छिनतई की थी. कोतवाली पुलिस ने दूसरे दिन ही इस मामले में एक आरोपी को पकड़ लिया. उसने छिनतई के आरोपी का नाम इरफान बताया. बाद में पुलिस ने इरफान को भी गिरफ्तार कर लिया. उसे नौ जून को जेल भेजा गया था. उसने पुलिस को बताया था कि उसकी चार गर्लफ्रेंड है. उन्हें गिफ्ट देने के लिए वह छिनतई करता है़
हिंदपीढ़ी का रहनेवाला है इरफान का गिरोह
इरफान हिंदपीढ़ी के निजाम नगर, मोती मसजिद का रहनेवाला है. उसके गिराेह में वहीं के आदिल, ताज, उमरा दानिश, झुमका मुहल्ला के मोनू, बच्चा राजा, विक्की चरका व काना तबरेज शामिल हैं. इसके अलावा कुछ नाबालिग भी गिरोह में शामिल हैं. इरफान अपनी गाड़ी से घटना को अंजाम नहीं देता. वह घटना को अंजाम देने के लिए गिरोह में शामिल सदस्यों की गाड़ी का इस्तेमाल करता है़
रांची पुलिस की अपील
सोना खरीदते वक्त दुकानदार आधार कार्ड व सही एड्रेस लें
रांची पुलिस ने जेवर दुकानदारों से अपील की है कि अगर कोई उन्हें गहने बेचने आता है, तो उनका आधार कार्ड व पूरा पता लेने के बाद ही गहने खरीदें. यह तसल्ली जरूर कर लें कि गहने चोरी के तो नहीं हैं. शक होने पर पुलिस से भी संपर्क किया जा सकता है. चोरी के गहने खरीदने वाले कई जेवर व्यवसायी अपराधियों के पकड़े जाने पर उनकी निशानदेही पर पकड़े जाते है़ं
