रांची : राज्य के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स में ओपेन हार्ट सर्जरी शुरू हो चुकी है. अब रिम्स प्रबंधन किडनी का इलाज और इसका प्रत्यारोपण को शुरू करने की तैयारी में जुट गया है. रिम्स में नेफ्रोलॉजी विभाग शुरू करने के लिए देश के बड़े संस्थानों में बिहार और झारखंड के किडनी रोग विशेषज्ञों की तलाश शुरू कर दी गयी है.
जानकारी के अनुसार एक-दो डॉक्टरों ने रिम्स में आने के लिए रुचि भी दिखायी है. सरकार से अनुमति लेने के बाद रिम्स प्रबंधन विशेषज्ञ डॉक्टर की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर सकता है. उम्मीद है कि नेफ्रोलॉजी विभाग को शुरू करने के लिए अप्रैल तक फैकल्टी को नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जायेगी. किडनी प्रत्यारोपण के अलावा किडनी से संबंधित बीमारी का इलाज भी विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा किया जायेगा.
फिलहाल मेडिसिन विभाग में होता है इलाज : मौजूदा समय में रिम्स में आनेवाले किडनी के मरीजों का इलाज मेडिसिन विभाग में किया जाता है, जिसमें डायलिसिस ही किया जाता है. लेकिन, किडनी प्रत्यारोपण व अन्य गंभीर बीमारी के लिए राजधानी के निजी अस्पताल या महानगर जाना पड़ता है.
सूत्र बताते हैं कि किडनी प्रत्यारोपण के लिए किडनी मरीज और संबंधी डोनर मिल जाये, तो रिम्स बाहर के डॉक्टरों के सहयोग से प्रत्यारोपण का कार्य शुरू करा सकता है.
किडनी प्रत्यारोपण हमारी प्राथमिकता है. नेफ्रोलॉजी विभाग स्थापित करने के लिए डॉक्टरों की खाेज की जा रही है. कुछ डॉक्टर आने के लिए सहमत भी हुए हैं. सरकार से अनुमति मिलने के बाद विशेषज्ञ डॉक्टर की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की जायेगी, जिसमें पूरी पारदर्शिता बरती जायेगी.
डॉ दिनेश कुमार सिंह, निदेशक रिम्स
