रांची : अब सीए के फर्जी सर्टिफिकेशन पर रोक

हर सीए को यूजर आइडी और पासवर्ड बनाना होगा रांची : किसी भी बैंक लोन या किसी भी कागजात में सीए (चार्टर्ड एकाउंटेंट) के सर्टिफिकेशन की जरूरत होती है. गलत लाभ उठाने के लिए कई लोग सीए के नाम और स्टांप का दुरुपयोग कर रहे हैं. इन पर रोक लगाने के लिए इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | February 13, 2019 9:11 AM
हर सीए को यूजर आइडी और पासवर्ड बनाना होगा
रांची : किसी भी बैंक लोन या किसी भी कागजात में सीए (चार्टर्ड एकाउंटेंट) के सर्टिफिकेशन की जरूरत होती है. गलत लाभ उठाने के लिए कई लोग सीए के नाम और स्टांप का दुरुपयोग कर रहे हैं. इन पर रोक लगाने के लिए इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट (आइसीएआइ) ने नयी पहल की है. आइसीएआइ ने एक फरवरी से यूडीआइएन (यूनिक डॉक्यूमेंट आइडेंटिफिकेशन नंबर) की शुरुआत की है.
हर सर्टिफिकेट पर यूडीआइएन : इसके लिए हर सीए को यूजर आइडी और पासवर्ड बनाना होगा. इसके बाद किसी भी कंपनी को सर्टिफिकेशन की जरूरत होने पर सीए अपने आइडी से एक यूडीआइएन जेनरेट करेंगे. यही नंबर उनके कागजात पर अंकित रहेगा. यह यूडीआइएन 18 अंकों का होगा.
इसकी जांच भी आसानी से होगी : यह सर्टिफिकेशन वास्तव में सही या गलत है, इसकी जांच भी आसानी से रेगुलेटर या मेंबर कर सकेंगे. साइट पर जाकर यूडीआइएन डाल कर पता लगाया जा सकेगा.
न्यूनतम फीस नहीं होने पर टेंडर में भाग न लें
आइसीएआइ, रांची शाखा के चेयरमैन राजकुमार ने कहा कि कोई भी टेंडर जिसमें सीए की सेवा की जरूरत होती है, उस टेंडर में न्यूनतम फीस होना जरूरी है. आइसीएआइ के सर्कुलर के अनुसार ऐसे किसी भी टेंडर में कोई भी सदस्य भाग नहीं लें, जिस टेंडर में न्यूनतम फीस न हो. हालांकि जो टेंडर सीए, सीएस या सीएमए के लिए निकला हो, उसमें न्यूनतम फीस नहीं होने पर भी टेंडर में भाग ले सकते हैं.
कई जगहों पर हो रहा था गलत उपयोग
इस सर्टिफिकेशन का दुरुपयोग कई जगहों पर हो रहा था. बैंकों एवं अन्य वित्तीय संस्थान, संवेदक, बिल्डर रजिस्ट्रेशन आदि मेें सीए के सर्टिफिकेशन की जरूरत पड़ती है. कोई भी आसानी से इसका दुरुपयोग कर रहा था. रांची में भी सीए ने अपने नाम और स्टांप का दुरुपयोग करने की बात कही है.