गांव हो या शहर, एक समान होगी बिजली दर

सुनील चौधरी रांची : झारखंड के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों के बिजली उपभोक्ताओं के लिए अब एक समान ही टैरिफ होगा. झारखंड बिजली वितरण निगम ने वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए 20 प्रतिशत तक टैरिफ में वृद्धि का प्रस्ताव तैयार किया है. निगम द्वारा डोमेस्टिक श्रेणी के उपभोक्ताओं की दरों में लगभग सात रुपये प्रति […]

सुनील चौधरी
रांची : झारखंड के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों के बिजली उपभोक्ताओं के लिए अब एक समान ही टैरिफ होगा. झारखंड बिजली वितरण निगम ने वित्तीय वर्ष 2019-20 के लिए 20 प्रतिशत तक टैरिफ में वृद्धि का प्रस्ताव तैयार किया है. निगम द्वारा डोमेस्टिक श्रेणी के उपभोक्ताओं की दरों में लगभग सात रुपये प्रति यूनिट करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है.
वर्तमान में शहरी घरेलू उपभोक्ताओं की टैरिफ दर 5.50 रुपये प्रति यूनिट है, जिसमें करीब 2.20 रुपये सरकार सब्सिडी देती है. वहीं, घरेलू ग्रामीण उपभोक्ताओं की दर 4.40 रुपये प्रति यूनिट है, जिसमें तीन रुपये सरकार देती है सब्सिडी. अब शहरी और ग्रामीण की श्रेणियां हटा कर सिर्फ डोमेस्टिक श्रेणी कर दी जायेगी.
सूत्रों ने बताया कि नेशनल टैरिफ भी आनेवाला है. इसके पूर्व ही राज्य में ग्रामीण और शहरी उपभोक्ताओं का भेद खत्म किया जा रहा है. कॉमर्शियल में भी ग्रामीण व शहरी श्रेणी को हटाया जा रहा है. साथ ही एनडीएस वन, टू जैसी श्रेणियां हटा कर केवल कॉमर्शियल किया जा रहा है. कॉमर्शियल दरों में भी 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी करने का प्रस्ताव है. एचटीएसएस और एचटीएस श्रेणी को भी एक समान किया जा रहा है.
बताया गया कि इस बार चार से पांच श्रेणियां ही बनाने का प्रस्ताव है. बिजली दर में एकरूपता लाने के लिए ऐसा हो रहा है. 30 नवंबर तक नये टैरिफ का प्रस्ताव झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग को सौंप दिया जायेगा. आयोग ही अंतिम रूप से टैरिफ का निर्धारण करता है.
सरकार सब्सिडी देकर ग्रामीण उपभोक्ताओं को दे सकती है लाभ : वितरण निगम के एक अधिकारी ने बताया कि पूरे राज्य में एक समान टैरिफ होगा. 31 दिसंबर 2018 तक राज्य के सभी घरों में बिजली पहुंच जायेगी. ऐसे में बिजली की मांग में वृद्धि होगी. तब वर्तमान दर में आपूर्ति करना संभव नहीं हो सकेगा. वितरण निगम ऊंची दर में बिजली खरीद कर शहरी और ग्रामीण उपभोक्ताओं में भेद नहीं कर सकता.
सरकार यदि राहत देना चाहती है, तो ग्रामीण और शहरी घरेलू उपभोक्ताओं को सब्सिडी दे सकती है पर वितरण निगम अब घाटे को लोड नहीं लेगा. नेशनल टैरिफ के बाद और बदलेगा प्रस्ताव : उधर, केंद्र सरकार द्वारा नेशनल टैरिफ पॉलिसी तैयार की जा रही है. इस पॉलिसी के तहत पेट्रोल, डीजल, गैस की तर्ज पर पूरे देश में एक समान बिजली दर करने पर विचार किया जा रहा है. हालांकि अभी राज्य की टैरिफ पर इसका प्रभाव नहीं पड़ेगा.
Rs 07 करीब प्रति यूनिट करने का प्रस्ताव
अभी शहर में
Rs 5.50
प्रति यूनिट है दर
ग्रामीण क्षेत्रों में
Rs 4.40
प्रति यूनिट है दर
पूरे राज्य में एक समान होगा टैरिफ, शहरी, ग्रामीण की श्रेणियां हटेंगी
30 नवंबर तक नये टैरिफ का प्रस्ताव झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग को सौंपा जायेगा
आज नियामक आयोग में टैरिफ पीटिशन दाखिल करेगा निगम
अब बिजली की जो श्रेणियां होंगी
डोमेस्टिक (शहरी और ग्रामीण दोनों शामिल)
इरिगेशन एंड एग्रीकल्चर
इंडस्ट्रियल (शहरी, ग्रामीण, एलटीआइएस, एचटीआइएस, एचटीआइएसएस)
इंस्टीट्यूशनल (स्ट्रीट लाइट, रेलवे, मिलिट्री सर्विस)

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >