रांची : निजी अस्पतालों में बेड सुरक्षित रखने पर चर्चा

रांची : ऐसी शिकायतें मिल रही हैं कि बड़े अस्पताल अायुष्मान भारत योजना के लाभुकों को भर्ती करने में आनाकानी करते हैं. कुछ दिन पहले तो रांची के ही एक निजी अस्पताल ने आयुष्मान के एक लाभुक को यह कह कर भर्ती करने से इनकार कर दिया कि उसके पास बेड नहीं है. पर बाद […]

रांची : ऐसी शिकायतें मिल रही हैं कि बड़े अस्पताल अायुष्मान भारत योजना के लाभुकों को भर्ती करने में आनाकानी करते हैं. कुछ दिन पहले तो रांची के ही एक निजी अस्पताल ने आयुष्मान के एक लाभुक को यह कह कर भर्ती करने से इनकार कर दिया कि उसके पास बेड नहीं है.
पर बाद में राज्य आरोग्य समिति से जुड़े लोगों ने ही सामान्य लाभुक बन कर जब संबंधित अस्पताल से बात की, तो उसे भर्ती करने के लिए अस्पताल प्रबंधन तत्काल तैयार हो गया. ऐसी अन्य शिकायतें भी हैं. इसी के बाद केंद्र सरकार के निर्देश पर निजी और बड़े अस्पतालों से सरकार इस मुद्दे पर चर्चा कर रही है कि वे अायुष्मान के लाभुकों के लिए अपने अस्पताल में कुछ न्यूनतम बेड सुरक्षित रखें.
इसी संदर्भ में स्वास्थ्य सचिव नितिन मदन कुलकर्णी ने भी कुछ अस्पताल प्रबंधनों से इस संबंध में बैठक की है. हालांकि, अभी कोई सहमति नहीं हुई है. निजी अस्पतालों का कहना है कि बेड सुरक्षित रखने पर यदि आयुष्मान के लाभुक न मिलें, तो उन्हें नुकसान होगा. अभी कोई बीच का रास्ता निकाला जाना है.

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