रांची : प्रकृति के सिद्धांतों पर चलता है सरना समाज : जयपाल

रांची : राजी पड़हा सरना प्रार्थना सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जयपाल उरांव ने कहा कि सरना समाज प्रकृति के सिद्धांतों पर चलता है़ आज पूरी दुनिया में आदिवासी सरना समाज की जीवन पद्धति व सिद्धांतों को एक आदर्श के रूप में देखा जाता है़ ऐसे श्रेष्ठ समाज का सदस्य होने पर हमें गर्व होना चाहिए़ […]

रांची : राजी पड़हा सरना प्रार्थना सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जयपाल उरांव ने कहा कि सरना समाज प्रकृति के सिद्धांतों पर चलता है़ आज पूरी दुनिया में आदिवासी सरना समाज की जीवन पद्धति व सिद्धांतों को एक आदर्श के रूप में देखा जाता है़
ऐसे श्रेष्ठ समाज का सदस्य होने पर हमें गर्व होना चाहिए़ वे भाषा संस्कृति विकास मंच, केंद्रीय समिति द्वारा रविवार को धुर्वा स्थित करम अखड़ा में आयोजित बैठक को संबोधित कर रहे थे़ इस अवसर पर जिला श्रम अधीक्षक दिनेश भगत ने कहा कि आदिवासी समाज का नजरिया अन्य समाज के सामाजिक, आर्थिक व राजनीतिक दृष्टिकोण से भिन्न है़ इनकी संस्कृति विशिष्ट है और यह समस्त वैश्विक समाज के लिए एक आदर्श है़
लोग सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आर्थिक रूप से भी समृद्ध हो सकते हैं. उन्होंने सरकार की विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया़ कार्यक्रम में सामाजिक अगुवा प्रेम खलखो, मंजू तिर्की, मंगल नाथ उरांव, प्रेम खलखो, दशरथ मुंडा, सुनीता कच्छप, फूलमनी, लक्ष्मी मुंडा, चंपा उरांव व अन्य मौजूद थे़

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >