विवि के शुल्क निर्धारण समिति की बैठक में लिया गया निर्णय
रांची : रांची विश्वविद्यालय में स्नातकोत्तर के बाद स्नातक में भी शिक्षण शुल्क बढ़ाने का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है. रांची विवि के शुल्क बढ़ोतरी पर विचार के लिए गठित कमेटी की मंगलवार को विवि मुख्यालय में बैठक हुई. इसमें स्नातक के वर्तमान शुल्क व इसमें बढ़ोतरी पर विचार किया गया. स्नातक स्तर पर विवि में वर्तमान में 13 व 14 रुपये शुल्क निर्धारित है.
रांची विश्वविद्यालय के शिक्षण शुल्क में स्थापना काल से ही बढ़ोतरी नहीं हुई है. 58 साल बाद शुल्क में बढ़ोतरी करने की तैयारी है. स्नातक में 110 रुपये तक शुल्क बढ़ोतरी का प्रस्ताव है. कमेटी ने स्नातक का शुल्क अधिकतम 110 रुपये तक करने पर अपनी सहमति दे दी है. कमेटी अब शुल्क बढ़ोतरी का प्रस्ताव रांची विवि के कुलपति डॉ रमेश कुमार पांडेय को सौंपेगी.
शुल्क बढ़ोतरी के प्रस्ताव पर अंतिम निर्णय विवि के सिंडिकेट में लिया जायेगा. शुल्क में बढ़ोतरी अगले शैक्षणिक सत्र से किया जायेगा. वर्तमान शैक्षणिक सत्र में नामांकन प्रक्रिया शुरू है. नामांकन प्रक्रिया के बीच में शुल्क बढ़ोतरी से विद्यार्थियों को परेशानी होगी.
इसे देखते हुए विश्वविद्यालय ने फिलहाल वर्तमान सत्र से शुल्क में बढ़ोतरी नहीं करने का निर्णय लिया है. बैठक में रांची विश्वविद्यालय के वित्तीय सलाहकार एस मुखोपाध्याय, वित्त पदाधिकारी केके वर्मा, डीएसडब्ल्यू डॉ पीके वर्मा, उप कुलसचिव प्रीतम कुमार, रामलखन सिंह यादव कॉलेज के प्राचार्य डॉ मनोज कुमार, रांची विवि के विकास पदाधिकारी डॉ हरी उरांव शामिल थे.
पीजी में 140 रुपये शुल्क बढ़ोतरी का प्रस्ताव : शुल्क निर्धारण कमेटी ने स्नातकोत्तर में शिक्षण शुल्क बढ़ोतरी का प्रस्ताव पहले ही तैयार कर लिया है. स्नातकोत्तर स्तर पर शुल्क अधिकतम 140 रुपये करने का प्रस्ताव है.
स्नातकोत्तर विषयों में कला व वाणिज्य संकाय के लिए 15 रुपये व विज्ञान संकाय के लिए 16 रुपये प्रति माह लिये जाते हैं. रांची विश्वविद्यालय प्रशासन ने इससे पूर्व भी शुल्क बढ़ोतरी का प्रयास किया गया था. वर्ष 2004 में बढ़ोतरी का प्रस्ताव तैयार किया गया था. उस समय विभिन्न छात्र संगठनों ने इसका काफी विरोध किया था. इसके बाद विश्वविद्यालय को फीस बढ़ाने का निर्णय वापस लेना पड़ा था.
छात्र संघ चुनाव को लेकर आज जमा होगी वोटर लिस्ट
भूगर्भ शास्त्र विभाग ने समय से पहले ही जमा कर दी लिस्ट
विवि व कॉलेजों में स्नातक व स्नातकोत्तर में नामांकन बंद
रांची. रांची विश्वविद्यालय में छात्र संघ चुनाव को लेकर वोटर लिस्ट जमा करने की प्रक्रिया शुरू हो गयी है. रांची विवि ने सभी कॉलेज व स्नातकोत्तर विभागों को 12 सितंबर को चुनाव के लिए वोटर लिस्ट जमा करने के लिए कहा है.
रांची विवि के भूगर्भ शास्त्र विभाग ने मंगलवार को वोटर लिस्ट जमा कर दी. विश्वविद्यालय प्रशासन 15 सितंबर के बाद छात्र संघ चुनाव की अधिसूचना जारी कर सकता है. रांची विवि में कॉलेज स्तर पर प्रत्यक्ष व विवि स्तर पर अप्रत्यक्ष चुनाव होगा. कॉलेज स्तर पर अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव, संयुक्त सचिव व उप सचिव पद के लिए चुनाव होगा. कॉलेज स्तर पर चयनित प्रतिनिधि विवि स्तर पर छात्र संघ प्रतिनिधि का चयन करते हैं.
विवि में छात्र संघ चुनाव को लेकर डीएसडब्ल्यू डॉ पीके वर्मा की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है. कमेटी में बीएनजे कॉलेज सिसई के केके पाेद्दार, मांडर कॉलेज मांडर के डॉ उदय कुमार, केसीबी काॅलेज बेड़ो के डॉ दीपक कुमार व रांची विश्वविद्यालय के एनएसएस समन्वयक डॉ ब्रजेश को शामिल किया गया है.
कुलपति ने किया मांडर कॉलेज का निरीक्षण
रांची विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ रमेश कुमार पांडेय ने मंगलवार को मांडर कॉलेज मांडर का निरीक्षण किया. कॉलेज के निरीक्षण के लिए 24 व 25 सितंबर को नैक की टीम आनेवाली है. कुलपति ने नैक की टीम के निरीक्षण को लेकर कॉलेज द्वारा की गयी तैयारी की जानकारी ली. कुलपति ने कॉलेज प्रबंधन को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये. उल्लेखनीय है कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी कॉलेजों को नैक से ग्रेडिंग कराने का निर्देश दिया है.
रांची विवि अपने स्तर से नियुक्ति पर लगाये रोक
रांची : रांची विश्वविद्यालय में सहायक प्राध्यापक नियुक्ति की चल रही प्रक्रिया पर रोक लगाने के संबंध में सरकार ने रांची विवि को दिशा-निर्देश देने से इनकार कर दिया है. रांची विश्वविद्यालय ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के पत्र के आलोक में विवि में चल रही असिस्टेंट प्रोफेसर नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगाने के संबंध में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा सह कौशल विकास विभाग से मार्गदर्शन मांगा था. विभाग ने रांची विश्वविद्यालय को पत्र का जवाब भेज दिया है.
विभाग द्वारा विश्वविद्यालय को भेजे गये पत्र में कहा गया है कि सहायक प्राध्यापक नियुक्ति की अधियाचना झारखंड लोक सेवा आयोग को विवि स्तर से भेजी गयी है. ऐसे में सहायक प्राध्यापक नियुक्ति पर रोक लगाने से संबंधित निर्णय विश्वविद्यालय अपने स्तर से ले व इसकी जानकारी झारखंड लोकसेवा आयोग को दे.
विभाग ने विवि को इस मामले में कोई दिशा-निर्देश नहीं दिया. उल्लेखनीय है कि सहायक प्राध्यापक नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगाने से संबंधित पत्र यूजीसी ने सभी विश्वविद्यालय को भेजा है. केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री ने सहायक प्राध्यापक नियुक्ति के मामले पर फिलहाल रोक लगाने की घोषणा की थी. नियुक्ति में आरक्षण को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट के विचाराधीन है. केंद्रीय मंत्री की घोषणा के बाद यूजीसी ने सभी विवि को इस आशय का पत्र भेजा है.
रांची विश्वविद्यालय ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के पत्र पर राजभवन से भी मार्गदर्शन मांगा था. रांची विश्वविद्यालय में 268 पदों पर सहायक प्राध्यापक की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की गयी है. विवि में 120 रेगुलर व 148 बैकलॉग पद हैं. राज्य में सभी विवि मिला कर 552 पद पर रेगुलर व 566 पद पर बैकलॉग नियुक्ति की प्रक्रिया चल रही है.
जेपीएससी से कहा दें स्पष्ट निर्देश
रांची विवि ने सहायक प्राध्यापक नियुक्ति मामले में यूजीसी के पत्र व सरकार से मांगे गये मार्गदर्शन से संबंधित पत्र झारखंड लोक सेवा आयोग को भेजा था. झारखंड लोक सेवा आयोग ने नियुक्ति मामले में रांची विवि को पत्र लिख कर पूछा है कि आयोग को बताया जाये कि नियुक्ति प्रक्रिया रोकना है कि जारी रखना है. झारखंड लोक सेवा आयोग ने राज्य के सभी विश्वविद्यालय में सहायक प्राध्यापक नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की है. आयोग द्वारा आवेदन जमा लिया गया है.
