रांची : कोयला मंत्री ने दिल्ली में लांच किया ऐप, कोल ब्लॉकों में ऐप से रखी जायेगी कोयला चोरी पर नजर

कोयला मंत्री ने दिल्ली में लांच किया ऐप खान प्रहरी, इसकी मॉनिटरिंग कोयला कंपनियां और जिला प्रशासन करेंगे रांची : कोयला मंत्रालय ने कोयला चोरी रोकने के लिए सेटेलाइट आधारित मोबाइल एेप (खान प्रहरी) लांच किया है. इससे देश के 787 कोल ब्लॉकों पर नजर रखी जायेगी. इसकी लगातार मॉनिटरिंग कोयला कंपनियां और जिला प्रशासन […]

कोयला मंत्री ने दिल्ली में लांच किया ऐप खान प्रहरी, इसकी मॉनिटरिंग कोयला कंपनियां और जिला प्रशासन करेंगे
रांची : कोयला मंत्रालय ने कोयला चोरी रोकने के लिए सेटेलाइट आधारित मोबाइल एेप (खान प्रहरी) लांच किया है. इससे देश के 787 कोल ब्लॉकों पर नजर रखी जायेगी.
इसकी लगातार मॉनिटरिंग कोयला कंपनियां और जिला प्रशासन करेंगे. बुधवार को केंद्रीय कोयला एवं रेल मंत्री पीयूष गोयल ने दिल्ली में इस ऐप को लांच किया. रांची में सीसीएल मुख्यालय के बोर्ड रूम में इस कार्यक्रम के गवाह सीसीएल के सीएमडी गोपाल सिंह, निदेशक कार्मिक अारएस महापात्र, निदेशक वित्त डीके घोष, निदेशक योजना परियोजना एके श्रीवास्तव व अन्य अधिकारी बने.
राज्य के कोयला प्रभावित जिलों के एसपी और डीसी को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जोड़ा गया था. श्री गोयल ने एेप लांचिंग के क्रम में बोकारो और धनबाद डीसी से बात भी की. इस एेप के सर्विलेंस नेटवर्क से कोल इंडिया के 454, गैर कोल इंडिया के 249, एससीसीएल के 84 तथा 82 कैप्टिव कोल ब्लॉक पर नजर रखी जायेगी.
श्री गोयल ने कहा कि अवैध खनन और कोयला चोरी एक दूसरे के पूरक रहे हैं. यह पुराने से समय से चलता आ रहा है. इस पर कई फिल्में भी बन चुकी हैं. कुछ साल पहले बनी फिल्म गैंग ऑफ वासेपुर भी इसी पर अाधारित थी.
कोयल चोरी से इस सेक्टर की छवि काे काफी नुकसान हुआ है. उम्मीद है इस एेप के आ जाने से कोयला क्षेत्र की छवि बदलेगी. कोयला उद्योग को अवैध खनन से मुक्ति भी मिल पायेगी.कोयला सचिव इंद्रजीत सिंह ने कहा कि इस एेप के बेहतर उपयोग की दिशा में अधिकारियों को ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है.
कोल इंडिया के चेयरमैन एके झा ने कहा कि कोयला क्षेत्र में भी डिजिटल काम की जरूरत है. इस दिशा में प्रयास शुरू हो गये हैं. आनेवाले दिनों में यह और भी दिखेगा. इस एेप का निर्माण भास्कराचार्य इंस्टीट्यूट ने सीएमपीडीअाइ के सहयोग से किया है. दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में सीएमपीडीअाइ के सीएमडी शेखर शरण भी मौजूद थे.
प्ले स्टोर पर है उपलब्ध
बताया गया कि यह एेप प्ले स्टोर पर उपलब्ध है. इसे आम लोग भी उपयोग कर सकते हैं. आम लोग भी कोयला चोरी की फोटो अपलोड कर सकते हैं. फोटो अपलोड करनेवालों की जानकारी गुप्त रखी जायेगी.
नोडल अधिकारी रखे गये हैं
रांची में सीसीएल के सीएमडी गोपाल सिंह ने कहा कि अवैध खनन पर अंकुश लगाने के लिए नोडल अधिकारी रखे गये हैं. वे लोग इस एेप पर नजर रखेंगे. इसके डाटा के अाधार पर जिला प्रशासन के साथ मिल कर कार्रवाई करेंगे. यह रिपोर्ट सभी उपायुक्तों के पास भी होगी. कोयला सूची असल में विधि व्यवस्था की समस्या है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >