नोट वोट रिश्वत कांड पर बोले राजदीप मैं भाजपा का कार्यकर्ता नहीं, उनके मंसूबों को सफल बनाये का जरिया क्यों बनूं
रांची : नोट वोट रिश्वत कांड की सीडी मैंने तुरंत इसलिए ‘अॅानएयर’ नहीं किया था क्योंकि मुझे उस सीडी की सत्यता की जांच भी करनी थी. अगर कोई मुझे दोपहर एक बजे कोई सीडी देता है और यह चाहता है कि मैं उसे शाम छह बजे ‘अॅान एयर’ कर दूं, तो ऐसा संभव नहीं है. […]
रांची : नोट वोट रिश्वत कांड की सीडी मैंने तुरंत इसलिए ‘अॅानएयर’ नहीं किया था क्योंकि मुझे उस सीडी की सत्यता की जांच भी करनी थी. अगर कोई मुझे दोपहर एक बजे कोई सीडी देता है और यह चाहता है कि मैं उसे शाम छह बजे ‘अॅान एयर’ कर दूं, तो ऐसा संभव नहीं है. मैं कोई भाजपा का कार्यकर्ता नहीं हूं कि उन्होंने मुझे कोई काम सौंपा और मैं उसे बिना सवाल के पूरा कर दूं.
भाजपा उस सीडी के जरिये तत्कालीन सरकार को गिराना चाहती थी, मैं एक पत्रकार हूं मुझे किसी राजनीतिक दल का हथियार नहीं बनना है. मैं राजनीति से दूर रहता हूं. मैं किसी भी पार्टी के कार्यकर्ता की तरह काम नहीं कर सकता.
उक्त बातें इंडिया टुडे ग्रुप के वरिष्ठ पत्रकार राजदीप सरदेसाई ने आज यहां झारखंड लिट्रेरी मीट में कही. इस दो दिवसीय कार्यक्रम के दूसरे दिन आज राजदीप सरदेसाई ने अपनी किताब ‘डेमोक्रेसी 11’ पर प्रभात खबर के वरिष्ठ पत्रकार अनुज सिन्हा से लंबी बातचीत की. उन्होंने इस किताब को लिखने के दौरान हुए अनुभवों को भी यहां साझा किया.
उन्होंने इस सत्र के दौरान पूछे गये सवालों के जवाब बहुत ही बेबाकी से दिये. एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आजकल दुनिया में ‘फेक’ लोगों की भरमार है. ऐसे में फेक खबरें तो सामने आयेंगी, यह पाठकों पर निर्भर करता है कि वे उन खबरों को पहचानें और उनसे बचें.
मीडिया द्वारा सही तरीके से अपनी जिम्मेदारी ना निभाये जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि आज मीडिया अपनी आत्मा खो चुका है. मीडिया में राक्षसों का प्रवेश हो गया है. पत्रकार टीवी पर किसी खास पार्टी का प्रतिनिधित्व करते नजर आ रहे हैं. सही मुद्दे मीडिया के केंद्र में नहीं हैं. यही कारण है कि कई गंभीर मसले मीडिया में समाचार नहीं बनते.
