केदला सहित सीसीएल क्षेत्र में कोयला ढुलाई प्रभावित, पुराने भाड़े पर काम असंभव केदला. डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और कई पंपों पर आपूर्ति बाधित होने से कोयलांचल क्षेत्र की ट्रांसपोर्ट व्यवस्था प्रभावित हो गयी है. कोयला ढुलाई में लगे हाइवा और डंपर मालिकों ने आर्थिक दबाव के चलते अपने वाहनों का संचालन रोक दिया है. सीसीएल हजारीबाग एरिया की केदला उत्खनन परियोजना, तापीन नॉर्थ, तापीन साउथ, केदला वाशरी, झारखंड उत्खनन परियोजना और चैनपुर साइडिंग में कोयला परिवहन कार्य पर इसका सीधा असर पड़ा है. दर्जनों हाइवा और डंपर सड़कों पर खड़े हो गये हैं, जिससे ढुलाई कार्य लगभग ठप पड़ गया है. वाहन मालिकों का कहना है कि पुराने टेंडर रेट के अनुसार भाड़ा मिलने से बढ़े हुए डीजल खर्च की भरपाई नहीं हो पा रही है. इससे लगातार घाटा बढ़ता जा रहा है. इसी कारण कई मालिकों ने अपने वाहन घरों पर खड़े कर दिये हैं. इसके साथ ही क्षेत्र में ईंट ढुलाई में लगे डंपरों की आवाजाही भी काफी कम हो गयी है. कई जगहों पर डीजल की अनुपलब्धता के कारण ट्रक चालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. वे गैलन लेकर ईंधन की तलाश में भटकते देखे जा रहे हैं. वाहन मालिकों ने कहा है कि जब तक भाड़ा दरों में वृद्धि नहीं की जायेगी, तब तक वे अपने वाहन सड़क पर नहीं चलायेंगे.
डीजल महंगा होने से कोयलांचल में ट्रांसपोर्ट ठप, हाइवा-डंपर मालिकों ने रोका संचालन
डीजल महंगा होने से कोयलांचल में ट्रांसपोर्ट ठप, हाइवा-डंपर मालिकों ने रोका संचालन
