पाटन. पाटन थाना क्षेत्र के इमली गांव के धंगरडीहा में शुक्रवार को गेरुआ वस्त्र धारण कर भविष्यवाणी करने वाले पांच लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया. इन पर अंधविश्वास फैलाकर भोले-भाले ग्रामीणों से ठगी करने का आरोप है. पुलिस सभी से पूछताछ कर रही है.
ग्रामीणों को डराकर मांगते थे रुपये और सामान
ग्रामीणों के अनुसार, पांच-छह लोग गेरुआ वस्त्र धारण कर गांव पहुंचे थे. इसके बाद अलग-अलग टोली में बंटकर ग्रामीण महिलाओं के सामने भविष्यवाणी करने लगे. वे लोगों को डराकर भविष्य में अनहोनी होने की बात कहते थे. इसके बदले नगदी, जेवर, नये कपड़े और घर के बर्तन मांगते थे. ग्रामीणों ने बताया कि कई लोगों से इस तरह की सामग्री ली जा चुकी थी.
पंचायत समिति सदस्य की सूचना पर पहुंची पुलिस
मामले की जानकारी मिलने पर जंघासी के पंचायत समिति सदस्य गुवेश भुइयां ने पाटन पुलिस को सूचना दी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और गेरुआ वस्त्रधारी लोगों को पकड़कर थाना ले आयी. पूछताछ के दौरान उनके द्वारा कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया. इसके बाद पुलिस सभी से पूछताछ कर रही है.
चार दिन बाद इमली में फिर दिखे
बताया गया कि चार-पांच दिन पहले पाटन अंचल के पुलिस निरीक्षक सुरेश कुमार मंडल ने ग्रामीणों से ऐसे बहरूपियों से सावधान रहने की अपील की थी. गेरुआ वस्त्र धारण करने वाले कुछ लोग पाटन में किराये के मकान में भी रह रहे थे. पुलिस की सक्रियता के बाद वे टेंपो से वहां से भाग गये थे. करीब चार दिन बाद शुक्रवार को वे इमली गांव में फिर दिखाई दिये, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पांच लोगों को हिरासत में लिया.
