बढकागांव में निकली कलशयात्रा

बढकागांव में निकली कलशयात्रा मेदिनीनगर. सदर प्रखंड के बढकागांव में दुर्गा पूजा सह नवरात्र प्रवचन के सातवें दिन बाजे-गाजे के साथ कलशयात्रा निकाली गयी. इसमें काफी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया. अमानत व मलय नदी के संगम तट पर पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने कलश में जल उठाया. भक्ति भावना से ओतप्रोत श्रद्धालु […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 19, 2015 7:43 PM

बढकागांव में निकली कलशयात्रा मेदिनीनगर. सदर प्रखंड के बढकागांव में दुर्गा पूजा सह नवरात्र प्रवचन के सातवें दिन बाजे-गाजे के साथ कलशयात्रा निकाली गयी. इसमें काफी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया. अमानत व मलय नदी के संगम तट पर पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं ने कलश में जल उठाया. भक्ति भावना से ओतप्रोत श्रद्धालु भागवत नाम का जप करते हुए कलश लेकर महावीर मंदिर पहुंचे, जहां पूजा-अर्चना के बाद कलश स्थापित किया गया. सोमवार को बेलवरण पूजा हुई, शाम में श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए पंडाल का पट खोल दिया गया. पट खुलते ही माता के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लग गया. लोग मां दुर्गा की आराधना में जुट गये. कलशयात्रा में पूजा समिति के संरक्षक दिलीप तिवारी, अध्यक्ष उमेशनारायण त्रिपाठी, अनुज कुमार तिवारी, अंकेश त्रिपाठी, अरुण तिवारी, मनोज झा, छठू राम, शोभराज झा, पंकज तिवारी, कमेश झा, राहुल तिवारी आदि सक्रिय थे. रविवार की रात्रि में नवरात्र प्रवचन के दौरान पंडित विनोद पाठक ने कहा कि प्रभु का दर्शन करने में जो सामर्थ्य है, वही हनुमान है. वाराणसी से पधारे मानस मर्तंड अच्यूतानंद शास्त्री ने भरत चरित्र प्रसंग की चर्चा करते हुए कहा कि भरत जी ने बड़े भाई श्रीराम जी का खडाउ सिंहासन पर रख कर राज-काज का संचालन करते हुए पूरी दुनिया को मिसाल दिया है, आज कुरसी के लिए लोग हर कर्म करने को तैयार रहते हैं. जरूरत है भाई भरत से सीख लेने की.