संवाददाता, पाकुड़. पाकुड़ जिले के ऐसे बच्चे जो जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित हैं, उनके लिए बेहद राहत भरी खबर है. झारखंड सरकार राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत शून्य से 18 वर्ष तक के बच्चों का मुफ्त इलाज और सर्जरी करवाने जा रही है. पाकुड़ का कोई भी बच्चा जानकारी के अभाव में इस सुविधा से वंचित न रहे, इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने विशेष निर्देश दिए हैं. झारखंड ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन समिति द्वारा जारी पत्र के अनुसार, यदि किसी बच्चे को बार-बार निमोनिया होता है, खेलते समय वह जल्दी थक जाता है, या उसके होंठ और नाखून नीले पड़ जाते हैं, तो ये हृदय रोग के लक्षण हो सकते हैं. पाकुड़ के जिन बच्चों में ऐसे लक्षण दिख रहे हैं, उनके परिजन तुरंत अपने नजदीकी आंगनबाड़ी केंद्र, गांव की सहिया, एएनएम या सरकारी अस्पताल से संपर्क करें. स्वास्थ्य विभाग को इन बच्चों की सूची 17 जून 2026 तक राज्य मुख्यालय भेजना है. इन चिह्नित बच्चों का केरल के कोच्चि स्थित अमृता अस्पताल में बिल्कुल मुफ्त ऑपरेशन और इलाज किया जायेगा. पाकुड़ के अभिभावकों से अपील है कि वे बिना देरी किए अपने बच्चों की जांच कराएं. सरकार की इस मुफ्त और बेहतर चिकित्सा सुविधा का लाभ उठाएं.
जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बच्चों का होगा मुफ्त इलाज
पाकुड़. पाकुड़ जिले के ऐसे बच्चे जो जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित हैं, उनके लिए बेहद राहत भरी खबर है.
