लोहरदगा. आयोजित फुटबॉल प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला जेएफसी झलजमीरा और फुटबॉल क्लब कंडरा के बीच खेला गया. कड़े मुकाबले में कंडरा को पराजित कर जेएफसी झलजमीरा की टीम विजेता बनी. प्रतियोगिता में जिला और प्रखंड क्षेत्र की कुल 32 टीमों ने हिस्सा लिया.
फाइनल मैच से पहले मुख्य अतिथि अभिनव सिद्धार्थ, विशिष्ट अतिथि पूर्व जिप सदस्य रामलखन प्रसाद, मुखिया बंधन उरांव और आयोजन समिति के अध्यक्ष माइकल उरांव ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया. इसके बाद फाइनल मुकाबला शुरू हुआ.
खेल से स्वस्थ रहता है शरीर और मन
समापन समारोह को संबोधित करते हुए विशिष्ट अतिथि रामलखन प्रसाद ने कहा कि खेल से मन, मस्तिष्क और शरीर स्वस्थ रहता है. ग्रामीण क्षेत्र के बालक-बालिकाएं भी खेल के माध्यम से जीवन में सफलता हासिल कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि हॉकी, फुटबॉल, क्रिकेट या किसी भी खेल के साथ पढ़ाई के लिए भी नियमित अभ्यास जरूरी है. मेहनत और निरंतर अभ्यास से सफलता हासिल की जा सकती है.
मुख्य अतिथि अभिनव सिद्धार्थ ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है. बालक-बालिकाओं को पढ़ाई के साथ खेल पर भी ध्यान देना चाहिए, जिससे उनका भविष्य उज्ज्वल हो सके. उन्होंने कहा कि पढ़ाई के साथ खेल को बढ़ावा देने के लिए सरकार की ओर से खेलो इंडिया के माध्यम से विभिन्न योजनाएं चलायी जा रही हैं. उन्होंने खिलाड़ियों से लगन और मेहनत के साथ खेल में आगे बढ़ने की अपील की.
खिलाड़ियों और सैनिकों का किया गया सम्मान
प्रतियोगिता में विजेता और उपविजेता टीम के साथ तृतीय, चतुर्थ और अष्टम स्थान तक की सभी टीमों को पुरस्कार स्वरूप एक-एक खस्सी देकर सम्मानित किया गया. अच्छे प्रदर्शन के लिए मैन ऑफ द मैच और मैन ऑफ द सीरीज का पुरस्कार भी दिया गया.
इसके अलावा गांव और क्षेत्र के उन युवाओं को भी अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया, जो भारतीय सेना में सेवा दे रहे हैं. अपने गांव और क्षेत्र में सम्मान मिलने पर इन युवाओं में खुशी देखी गयी.
मौके पर सुजीत उरांव, विश्वनाथ गोप, मोहन पहान, कार्तिक उरांव, देवलाल उरांव, राहुल उरांव, नायका उरांव समेत सैकड़ों खेल प्रेमी मौजूद थे.
