लोहरदगा. लोहरदगा–रांची रेलमार्ग पर रेलवे पुल में दरार आने के बाद इस मार्ग की सभी ट्रेनों का परिचालन बंद कर दिया गया है. लोहरदगा रेलवे स्टेशन पर अब कोई ट्रेन नहीं पहुंच रही है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. प्रतिदिन यात्रा करने वाले लोग, खासकर मजदूर वर्ग, इस स्थिति से सबसे अधिक प्रभावित हैं. दैनिक यात्री अरशद अंसारी ने बताया कि रांची से लोहरदगा और लोहरदगा से रांची के लिए चलने वाली ट्रेनें लोगों की जीवनरेखा हैं. इनके बंद होने से मजदूरों और कामकाजी वर्ग को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. सामाजिक कार्यकर्ता मनोज कुमार गुप्ता मन्ना ने कहा कि रेलवे प्रशासन को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए, क्योंकि मेमू ट्रेन लोहरदगा की लाइफ लाइन है और इसके बंद होने से हजारों लोग प्रभावित हो रहे हैं. आरेया गांव निवासी हरि ओम प्रजापति ने कहा कि रेलवे को यात्री सुविधाओं पर ध्यान देना चाहिए. पुल में दरार पड़ने के बाद भी अधिकारी खामोश बैठे हैं, जबकि इसे युद्ध स्तर पर दुरुस्त करना चाहिए. ओमप्रकाश गुप्ता ने राजधानी एक्सप्रेस सहित अन्य ट्रेनों का परिचालन बंद होने को दुखद बताया और कहा कि रेलवे को तत्काल व्यवस्था सुधारनी चाहिए. पंडित उत्तम शास्त्री ने भी यही मांग उठायी कि रेलवे को युद्ध स्तर पर मरम्मत कार्य करना चाहिए ताकि यात्रियों को राहत मिल सके. प्रतिदिन हजारों लोग लोहरदगा–रांची ट्रेन से यात्रा करते हैं और इसके बंद होने से रोजगार, शिक्षा और दैनिक जीवन पर सीधा असर पड़ा है. रेलवे प्रशासन को चाहिए कि पुल की मरम्मत शीघ्र पूरी कर परिचालन बहाल करे और यात्रियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी उपलब्ध कराये.
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