लोहरदगा. जिला आपूर्ति कार्यालय लोहरदगा की ओर से नया नगर भवन में कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला का शुभारंभ उपायुक्त डॉ ताराचंद ने किया. इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि आपूर्ति विभाग अंतर्गत राशन कार्डधारकों को चावल, गेहूं, नमक धोती/लुंगी-साड़ी, चीनी, दाल-भात योजना आदि का लाभ दिया जाता है. इसमें अक्सर निर्धारित मात्रा से कम अनाज तौलने की शिकायत लाभुकों द्वारा की जाती है. यह अपराध है. कोई भी पीडीएस डीलर अगर ऐसा करते हैं तो उनका लाइसेंस रद्द किया जायेगा. साथ ही उन्हें लाइसेंस दोबारा जारी नही किया जायेगा. लाभुक अपनी शिकायत प्रखंड कार्यालय या जिला आपूर्ति कार्यालय में कर सकते हैं. प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी भी इस ओर ध्यान दें कि लाभुकों को निर्धारित अनाज की मात्रा मिल रही है या नहीं. हर माह इसकी जांच करें ताकि लाभुकों को योजना का सही लाभ मिल सके. 7.5 करोड़ रूपये हो चुका है धान अधिप्राप्ति का भुगतान
उपायुक्त ने कहा कि दिसंबर माह से जिला में धान अधिप्राप्ति का कार्य चल रहा है. इसमें 44500 क्विंटल धान की अधिप्राप्ति हो चुकी है. सरकार को अपना धान देने वाले किसानों के बीच कुल 7.5 करोड़ रुपये का भुगतान हो चुका है. लोहरदगा जिला को 2.5 लाख क्विंटल धान की अधिप्राप्ति का लक्ष्य दिया गया है. प्रतिदिन धान अधिप्राप्ति की मॉनिटरिंग की जा रही है.
किसान करायें निबंधन
उपायुक्त ने कहा कि जिन किसानों ने अब तक अपना धान संभाल कर रखा है और बेचना चाहते हैं तो वे अपने नजदीकी धान अधिप्राप्ति केंद्र जा कर अपना धान दे सकते हैं. इससे पूर्व वे अपना निबंधन करा लें. सरकार किसानों को 2450 रुपये प्रति क्विंटल की दर से एकमुश्त भुगतान कर रही है. कार्यक्रम में विधायक प्रतिनिधि निशीथ जायसवाल और जिला आपूर्ति पदाधिकारी मनीष कुमार ने भी अपने विचार रखे. कार्यक्रम में अपर समाहर्ता जितेंद्र मुंडा, सांसद प्रतिनिधि साजिद अहमद, विशुनपुर विधायक प्रतिनिधि अजहर इकबाल, समेत जिला के अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.
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