किस्को़ प्रखंड की पाखर पंचायत अंतर्गत तिसिया गांव में चार दिवसीय शिव मंडा पूजा श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुई. आयोजन के मुख्य आकर्षण फुलकुंदी अनुष्ठान के दौरान मध्य रात्रि दो बजे दर्जनों भक्तों (भोक्ताओं) ने दहकते अंगारों पर नंगे पांव चलकर अपनी अटूट आस्था का परिचय दिया. ढोल-नगाड़ों की थाप और हर-हर महादेव के जयकारों के बीच जैसे ही भक्त आग की लपटों से गुजरे, वहां मौजूद हजारों श्रद्धालु भक्तिभाव से सराबोर हो उठे. निर्जला उपवास के साथ भगवान शिव की आराधना : इससे पूर्व मुख्य पुरोहित उत्तम पाठक व उज्ज्वल पाठक ने विधिवत मंत्रोच्चारण के साथ भगवान शिव, माता पार्वती और नंदी की पूजा संपन्न करायी. भोक्ताओं ने कई दिनों तक निर्जला उपवास रखकर आत्मशुद्धि की और फिर इस कठिन परंपरा का निर्वह्न किया. मान्यता है कि मन्नत पूरी होने पर अंगारों पर चलने से जीवन की बुराइयां नष्ट होती हैं और क्षेत्र में सुख-समृद्धि आती है. विशु झूलन और मेले का भी हुआ आयोजन : समिति के अध्यक्ष शिवनंदन बैठा, राजू गुप्ता और राजेंद्र यादव ने बताया कि फुलकुंदी के बाद शनिवार को विशु झूलन और भव्य मेले का आयोजन किया गया. मौके पर मुख्य अतिथि नगर परिषद अध्यक्ष अनिल उरांव, जिप सदस्य संदीप गुप्ता, थाना प्रभारी मानस कुमार साधु ने शिरकत की. इस दौरान उपमुखिया रामजीत लोहरा, विजय सिंह, नीतीश राय, रमेश लोहरा समेत काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे.
दहकते अंगारों पर चलकर भक्तों ने दी आस्था की परीक्षा
दहकते अंगारों पर चलकर भक्तों ने दी आस्था की परीक्षा
