लोहरदगा : लोहरदगा जिला में विगत 23 जनवरी को सीएए के समर्थन में निकाले गये जुलूस पर हिंसक वारदात की घटना के बाद लगाये गये कर्फ्यू को 15वें दिन पूरी तरह से समाप्त कर दिया गया. इसी के साथ शहर में जाम की समस्या पुन: शुरू हो गयी.
जिला प्रशासन ने वर्तमान स्थिति की समीक्षा,प्रखंडों से प्राप्त विधि-व्यवस्था प्रतिवेदन एवं विभिन्न स्तरों पर प्राप्त अधिसूचना संग्रहण के उपरांत यह निष्कर्ष निकाला कि जिले में वर्तमान में शांति व्यवस्था की स्थिति स्थापित है. इसके बाद छह फरवरी सुबह पांच बजे से लेकर संपूर्ण क्षेत्र से कर्फ्यू हटा लिया गया. 23 जनवरी की इस घटना के बाद कुछ बिंदुओं पर जरूरी निर्देश दिये गये हैं. इसके तहत जिले में 144 की धारा जारी रहेगी.
इस दौरान किसी भी स्थल पर चार या चार से अधिक लोग एकत्रित नहीं होंगे. कोई भी व्यक्ति बिना पूर्व अनुमति के न तो कोई सभा करेगा और न ही जुलूस निकाल सकेगा. साथ ही धार्मिक, जातीय एवं भाषायी समुदाय के बीच मतभेद बनानेवाला कार्य नहीं करेगा. कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार की अफवाह नहीं फैलायेगा. शांति व्यवस्था को भंग करनेवाले संदेशों का आदान-प्रदान नहीं करेगा. किसी भी माध्यम से उत्तेजक भाषण का संप्रेषण नहीं किया जायेगा.
कोई भी व्यक्ति ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग नहीं करेगा. कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार का विस्फोटक पदार्थ लेकर नहीं चलेगा और न ही किसी व्यक्ति को ऐसा करने के लिए प्रोत्साहित करेगा. अस्त्र-शस्त्र का आदेश सिख समुदाय के व्यक्तियों और लाठी लेकर चलने वाले वृद्ध व्यक्तियों पर लागू नहीं होगा. कोई व्यक्ति सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी नहीं करेगा, न ही दूसरों को ऐसा करने के लिए प्रोत्साहित करेगा.
