कुड़ू (लोहरदगा) : प्रखंड के 14 पंचायतों में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी एक्ट योजना से संचालित सिंचाई कूप खुदाई योजना में बगैर सामग्री आपूर्ति किये पांच हजार से लेकर दस हजार तक ईंट आपूर्ति करते हुए 10 हजार से लेकर 16 हजार ईंट आपूर्ति कराने का मामला सामने आने के बाद बुधवार को बीडीओ राजश्री ललिता बाखला ने प्रखंड के कोलसिमरी पंचायत मे संचालित सिंचाई कूप खुदाई कार्यों में आपूर्ति की गयी ईट, बालू, सीमेंट, चिप्स तथा सरिया की जांच की .
जांच में गड़बड़ी का खुलासा हुआ कि मनरेगा के डाटा इंट्री में गलत जानकारी दी गयी है. बुधवार को बीडीओ राजश्री ललिता बाखला ने कोलसिमरी पंचायत में डुमला भगत, सुरेंद्र उरांव, शिवराज उरांव, दशरथ महतो, कुटू उरांव, बुद्धिमान उरांव, गोवर्धन उरांव, शनिचरवा उरांव, सुखदेव उरांव, धनो उरांव समेत अन्य सिंचाई कूप खुदाई कार्य की जांच की.
जांच के क्रम में पता चला कि डुमला भगत को मात्र दस हजार ईंट की आपूर्ति की गयी है, कुटू उरांव को पांच हजार ईंट की आपूर्ति की गयी. शिवराज उरांव को पांच हजार ईंट की आपूर्ति की गयी है. जांच के क्रम में पता चला कि मनरेगा डाटा इंट्री के अनुसार किसी भी लाभुक को ईंट की आपूर्ति नहीं की गयी है . इतना ही नही सीमेंट की आपूर्ति भी सही से नहीं की गयी है. चिप्स कहीं नहीं दिया गया है. बीडीओ के सामने लाभुकों ने बताया कि मजदूरी नहीं मिली है.
बीडीओ राजश्री ललिता बाखला ने बताया कि जांच मे पाया गया कि कोलसिमरी पंचायत मे संचालित सिंचाई कुप खुदाई कार्य मे सामग्री आपूर्ति का जो डाटा इंट्री कराया गया है, उसके अनुसार सामग्री की आपूर्ति नहीं की गयी है. डाटा इंट्री में गलत जानकारी दी गयी है. मामला काफी संगीन है. जांच रिपोर्ट उपायुक्त को भेजा जायेगा . संबंधित पंचायत के पंचायत सचिव, रोजगार सेवक, बीपीओ से कारण पृच्छा किया गया है. विदित हो कि कोलसिमरी पंचायत मे मनरेगा से संचालित सिंचाई कूप खुदाई में पांच हजार से लेकर दस हजार ईंट , तीस बैग सीमेंट , तीन गाड़ी बालू , 46 किलोग्राम सरिया आपूर्ति करते हुए 16 हजार ईंट, आठ गाड़ी बालू, 72 किलोग्राम सरिया तथा पचास बैग सीमेंट आपूर्ति करने का डाटा इंट्री कराया गया था. बगैर चिप्स आपूर्ति किये 54 सौ सीएफटी आपूर्ति करने का डाटा इंट्री कराया गया थ . मामले को लेकर प्रभात खबर ने प्रमुखता से खबर प्रकाशित किया था.
