महुआडांड़. अनुमंडल कार्यालय में एसडीओ बिपिन कुमार दुबे ने प्रेस वार्ता कर बलराम प्रसाद के आरोपों को खारिज किया. उन्होंने कहा कि सेमरबुढनी गांव निवासी बलराम प्रसाद का दावा कि ईंट भट्ठा घरेलू उपयोग के लिए था, पूरी तरह गलत है. प्रशासनिक जांच में स्पष्ट हुआ कि बलराम प्रसाद पूर्व में चिमनी भट्ठा चला चुके हैं और वर्तमान में उनका बंगला भट्ठा व्यावसायिक रूप से संचालित हो रहा था. इसी कारण विधि-सम्मत तरीके से भट्ठा सील किया गया. जांच में यह भी सामने आया कि उन्होंने ईंट सप्लाई के नाम पर ग्रामीणों से पैसे लिए थे. उनके खिलाफ पहले से कई शिकायतें और मामले दर्ज हैं, जो उनकी व्यावसायिक संलिप्तता की पुष्टि करते हैं. अंचल अधिकारी संतोष बैठा पर लगाये गये पैसे लूटने के आरोपों को एसडीओ ने हास्यास्पद बताया. उन्होंने कहा कि कार्रवाई सीओ, थाना प्रभारी और पुलिस बल की मौजूदगी में की गयी थी. इस प्रकार प्रशासन ने अपनी कार्रवाई को सही और पारदर्शी बताया.
विधि-सम्मत तरीके से भट्ठा सील किया गया
विधि-सम्मत तरीके से भट्ठा सील किया गया
