लातेहार: मच्छरों के प्रजनन और स्रोतों में वृद्धि तथा मलेरिया एवं अन्य मच्छरजनित रोगों के संक्रमण की संभावना को देखते हुए उपायुक्त संदीप कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई. उपायुक्त ने कहा कि मच्छरजनित रोगों की रोकथाम के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है. उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा, समाज कल्याण, पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास, पेयजल एवं स्वच्छता, नगर विकास, आईसीडीएस एवं जनसंपर्क विभाग को संयुक्त रूप से कार्य करते हुए प्रभावी एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
जलजमाव वाले स्थानों की पहचान कर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
उपायुक्त ने विद्यालयों, आवासीय विद्यालयों, छात्रावासों, आंगनबाड़ी केंद्रों एवं सार्वजनिक स्थलों के आसपास जलजमाव वाले स्थानों, अनुपयोगी पात्रों, गड्ढों, टंकियों, कूलर आदि में मच्छरों के संभावित प्रजनन स्थलों की पहचान कर उन्हें तत्काल समाप्त करने की बात कही. साथ ही नियमित साफ-सफाई एवं जलजमाव नियंत्रण गतिविधियों की निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया.
उच्च प्राथमिकता वाले क्षेत्रों के सरकारी, निजी एवं आवासीय विद्यालयों में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर विद्यार्थियों की मलेरिया जांच कराने का निर्देश दिया गया. आंगनबाड़ी केंद्रों पर आने वाले बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं में बुखार की सूचना स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराने तथा वीएचएसएनडी एवं पोषण दिवस के दौरान मलेरिया से बचाव संबंधी जागरूकता फैलाने का निर्देश दिया गया.
नगर निकाय क्षेत्रों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाने का निर्देश
नगर निकाय क्षेत्रों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाने, नालियों की सफाई, जलजमाव समाप्त करने तथा फॉगिंग एवं एंटी-लार्वल गतिविधियों को तकनीकी दिशा-निर्देशों के अनुरूप संचालित करने का निर्देश दिया गया.
बैठक के दौरान अपर समाहर्ता सलमान जफर खिजरी की उपस्थिति में सभी पदाधिकारियों एवं कर्मियों को मलेरिया एवं अन्य मच्छरजनित रोगों की रोकथाम एवं नियंत्रण के प्रति सजग रहने तथा आमजनों को जागरूक करने की शपथ दिलाई गई.
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. राजमोहन खलखो, जिला शिक्षा पदाधिकारी गौतम कुमार साहू, डॉ. जगदीश प्रसाद, डॉ. मारसा टोपनो समेत कई अधिकारी उपस्थित थे.
