डोमचांच, कोडरमा: किसानों और पशुपालकों के लिए अच्छी खबर है. ग्रामीण क्षेत्र के बेरोजगार युवाओं और पशुपालन के माध्यम से आय बढ़ाने के इच्छुक लोगों को मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना के तहत स्वरोजगार का अवसर मिलेगा. वित्तीय वर्ष 2026-27 में योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को विभिन्न पशुपालन योजनाओं के लिए 75 से 90 प्रतिशत तक अनुदान दिया जायेगा.
डोमचांच के प्रमुख डॉ सत्यनारायण यादव ने ग्रामीणों से योजना का लाभ उठाने की अपील की है. उन्होंने बताया कि योजना के तहत गाय पालन के लिए दो या उससे अधिक गायों के लिए भी आवेदन किया जा सकता है. इसके अलावा बकरा विकास योजना के तहत आठ मादा और दो नर बकरे, सूअर विकास योजना में चार मादा और एक नर सूअर, बैकयार्ड लेयर कुक्कुट पालन के लिए 400 लेयर मुर्गियां, ब्रॉयलर पालन के लिए 500 चूजे, बत्तख चूजा वितरण योजना के तहत 15 बत्तख चूजे तथा भेड़ पालन योजना में आठ मादा और दो नर भेड़ उपलब्ध कराने का प्रावधान है.
15 सितंबर तक कर सकते हैं आवेदन
प्रमुख सत्यनारायण यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना ग्रामीण क्षेत्र के लोगों के लिए आय का स्थायी साधन विकसित करने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है. बेरोजगार युवक-युवतियां और पशुपालन में रुचि रखने वाले किसान योजना का लाभ लेकर स्वरोजगार शुरू कर सकते हैं.
लाभार्थी 15 सितंबर तक आवेदन कर सकते हैं. आवेदन फॉर्म जेरूआडीह स्थित पशु अस्पताल कार्यालय से प्राप्त किया जा सकता है. प्रमुख ने ग्रामीणों से निर्धारित समय सीमा के अंदर आवेदन जमा करने की अपील की है.
