परसाबाद स्टेशन. यात्री सुविधाओं का घोर अभाव
जयनगर : धनबाद-गया रेलखंड पर स्थित परसाबाद रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का घोर अभाव है. जबकि इस स्टेशन से रेलवे को प्रतिमाह 12 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त होता है. राजस्व की यह राशि होली दशहरा त्योहारों में बढ़ भी जाती है. यह एक स्टेशन है, यहां से बरकट्ठा का दुमदुमा, चलकुशा, जयनगर परसाबाद, घरौंजा, घुरमुंडा, गडगी, कटिया, तेतरौन, कोडरमा का जामू, दशारो आदि क्षेत्र के लोग रेल यातायात का लाभ लेते हैं.
प्रखंड के सबसे महत्वपूर्ण स्टेशन पर पेयजल, शौचालय, यात्री शेड, सुविधा युक्त प्रतिक्षालय, बिजली, कंप्यूटर आरक्षण टिकट काउंटर, बाजार तक पहुंचने का संपर्क पथ का अभाव है. यहां दो शौचालय, तो बना मगर इसमे दरवाजा नहीं रहने के कारण यह महिलाओं के किसी काम का नहीं. प्रतिक्षालय तो है, मगर उसमे कोई सुविधा नहीं. शेड के अभाव में यात्रियों को गरमी के दिनों में पेड़ की छांव में बैठक का ट्रेन का इंतजार करना पड़ता है. स्टेशन पर लगे चापानलों से बड़ी मुश्किल से पानी मिलता है और तो और करोड़ों रुपये खर्च कर ओवरब्रिज बना पर संपर्क पथ के अभाव में पुल से उतर कर बाजार तक पहुंचने के लिए झाड़ियों से होकर गुजरना पड़ता है.
यहां सुविधाओं की मांग को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा दर्जनों बार आंदोलन किया गया. वहीं मानवाधिकार संरक्षण प्रतिष्ठान द्वारा प्रधानमंत्री, रेलवे बोर्ड, केंद्रीय रेल मंत्री, सांसद व विधायक से लगातार पत्राचार जारी है, मगर नतीजा शून्य है.
ट्रेनों के ठहराव व आरक्षण टिकट कांउटर की मांग: इस स्टेशन पर चार एक्सप्रेस ट्रेन रूकती है, दो और ट्रेनों की ठहराव की मांग की जा रही है. मगर यात्रियों के लिए मुश्किल यह है कि ट्रेन में चढ़ना है परसाबाद में मगर इसके लिए आरक्षण टिकट खरीदने के लिए उन्हें हजारीबाग रोड अथवा कोडरमा स्टेशन जाकर टिकट आरक्षित करना होता है.
यहां आने-जाने में समय की तो बरबादी होती ही है, टिकट दलालों के चक्कर में उन्हें अधिक मूल्य पर कालाबाजारी का टिकट लेना पड़ता है. यह इसलिए होता है कि परसाबाद स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव तो है, मगर यहां आरक्षण टिकट काउंटर की सुविधा नहीं. लोगों द्वारा वर्षो से यहां आरक्षण टिकट काउंटर की मांग की जा रही है. यदि यह सुविधा यहां उपलब्ध करा दी जाये, तो लोगों की परेशानी तो घटेगी ही, रेलवे के राजस्व में भी बढ़ोतरी होगी.
चार एक्सप्रेस व तीन पैसेंजर ट्रेन रूकती है
स्टेशन पर चार एक्सप्रेस व तीन पैसेंजर ट्रेनों को ठहराव हैं. इसमें गंगा दामोदर एक्सप्रेस अप व डाउन, हावडा-देहरादून एक्सप्रेस अप व डाउन, हटिया-पटना सुपर फास्ट एक्सप्रेस अप व डाउन, कोलकाता-जम्मूतवी-सियालदाह एक्सप्रेस अप व डाउन के अलावा पैसेंजर ट्रेनों में आसनसोल-वाराणसी अप व डाउन, धनबाद-गया इंटरसिटी अप व डाउन तथा इएमयू सवारी गाड़ी अप व डाउन का ठहराव है. वर्षो से यहां हावड़ा मुंबई मेल व पुरुषोतम एक्सप्रेस के ठहराव की मांग की जारी है. मगर रेलवे बोर्ड द्वारा इस मांग को अनसुनी किया जा रहा है.
सुविधाएं बहाल करने की मांग
जिप सदस्य मुनिया देवी, पूर्व जिप सदस्य रेखा देवी, प्रमुख जयप्रकाश राम, मुखिया हिंद किशोर राम, लखपत यादव, अजय यादव, पूर्व पंसस राजकुमार गुप्ता, संजय सिंह, सहदेव भदानी, संतोष कसेरा, अजय सिंह, मानवाधिकार संरक्षण प्रतिष्ठान के अध्यक्ष चंद्रभूषण मिश्र, सचिव संतोष सिंह, ध्रुव गुप्ता, विवेक गुप्ता, सूरज गुप्ता आदि ने रेलवे बोर्ड से यहां आरक्षण टिकट काउंटर से अन्य सुविधाएं बहाल करने की मांग की है.
