जामुन जइसन रंग पिया के ओह पर लाल लिबास...

रंगों में सारोबार रहा कोडमा. कहीं डीजे की धुन पर, तो कहीं सड़कों पर नाचते-गाते दिखी युवाओं की टोली. पकवान के साथ लोगों ने मिठाई का भी उठाया आनंद. कोडरमा : बुराई पर अच्छाई की जीत का त्योहार होली छिटपुट घटनाओं को छोड़ पूरे जिले में शांति व सौहार्द्र के साथ मनाया गया. 23 मार्च […]

रंगों में सारोबार रहा कोडमा. कहीं डीजे की धुन पर, तो कहीं सड़कों पर नाचते-गाते दिखी युवाओं की टोली. पकवान के साथ लोगों ने मिठाई का भी उठाया आनंद.
कोडरमा : बुराई पर अच्छाई की जीत का त्योहार होली छिटपुट घटनाओं को छोड़ पूरे जिले में शांति व सौहार्द्र के साथ मनाया गया. 23 मार्च की अहले सुबह चार बजे झुमरीतिलैया शहर समेत विभिन्न जगहों पर होलिका दहन कार्यक्रम हुआ. 24 मार्च गुरुवार को को पूरा जिला रंगों में सराबोर नजर आया.
जिले के कोडरमा, झुमरीतिलैया, जयनगर, चंदवारा, मरकच्चो, डोमचांच, सतगावां समेत अन्य जगहों पर बच्चों से लेकर बड़े बुजुर्ग सभी रंगों में नजर आये. ग्रामीण क्षेत्रों में दिन भर लोग फगुआ गीतों पर झूमते नजर आये. कई जगहों पर युवकों ने डीजे की व्यवस्था की थी. होली पर सबसे अधिक मस्ती बच्चों ने की. पिचकारी, बैलून आदि में रंग भर बच्चे दिन भर एक-दूसरे को रंगते नजर आये. इसके अलावा देर शाम को खूब अबीर गुलाल उड़ा. पुआ-पकवान के साथ ही लोगों ने मिठाई का आनंद लिया. शाम को लोग एक-दूसरे के घर जाकर अबीर गुलाल लगाकर होली की बधाई दी.
होलिका दहन के साथ गणगौर पूजा शुरू
झुमरीतिलैया शहर में होलिका दहन के साथ 16 दिवसीय गणगौर पूजा शुरू हो गयी. मान्यता के अनुसार नव विवाहित महिलाएं व कुंवारी कन्याएं होलिका दहन के दौरान चार बार परिक्रमा करने के बाद इसके राख से आठ पिंड व गोबर की आठ पिंड बनाती हैं. इस परंपरा का पालन करते हुए इस बार भी दीवार पर गोबर मिट्टी से चेक बनाया गया. अब इसमें हर रोज एक रोली व काजल का टिका लगाया जायेगा.
इसके साथ ही हरिए गोबर गोली दाबो मोल्या चोक पुराबो का देय आंखों ल्यावो गौर पुजाओ…के बोल शहर के राजस्थानी बहुल इलाकों की गलियों में सुनाई देने लगी है. पर्व में ईश्र व गौरा की पूजा अर्चना की जाती है, जो भगवान भोले व पार्वती के प्रतीक हैं. पूजा के जरिये कुंवारी कन्याएं सुयोग्य वर तो नवविवाहिताएं अपने पति की लंबी उम्र की कामना करती हैं. चैत्र कृष्ण पक्ष के पहले दिन से चैत्र कृष्ण पक्ष के तृतीया तक चलनेवाले इस पर्व में राजस्थानी बालाएं प्रतिदिन झुंड बना कर बगीचे में जायेगी.
साथ ही दुब व फूल जमा कर मंगल गान करते हुए घर में प्रवेश होगा. पूजा के आठवें दिन कुम्हार के यहां से मिट्टी लाकर बड़े गणगौर की पूजा शुरू होगी. 16वें दिन 16 कुआं का पानी लाकर, अच्छे वस्त्र व आभूषण धारण करते हुए गणगौर की पूजा की जायेगी. साथ ही ईश्र व गौरा को सजा कर शोभायात्रा निकाली जायेगी. बाद में किसी नदी व तालाब में सम्मानपूर्वक विदाई दी जाएगी. इसी के बाद नवविवाहिताएं भी अपने ससुराल को जायेगी.
मंत्री, डीसी व एसपी ने भी खेली होली
होली का पर्व जिला मुख्यालय में भी शांति व सौहार्द्र के साथ मनाया गया. शिक्षा मंत्री डाॅ नीरा यादव ने अपने आवास पर समर्थकों के साथ होली खेली. मौके पर बबली सिंह, नरेंद्र सिंह, सुभाष सिंह, राजू मेहता, रमेश यादव, बसंत यादव, अजय पांडेय, संजीव समीर, पंकज सिंह, बैजनाथ यादव, शिवेंद्र नारायण मौजूद थे. डीसी संजीव कुमार बेसरा ने भी अपने आवास पर होली खेली.
उपायुक्त ने अपने आवास के बाहर से आने-जाने वाले लोगों को भी अबीर गुलाल लगाकर होली की बधाई दी. मौके पर एसडीओ प्रभात कुमार बरदियार, पंचायती राज पदाधिकारी रविंद्र कुमार, शैलेंद्र कुमार, गौतम व अन्य मौजूद थे. एसपी जी क्रांति कुमार गडिदेशी के आवास पर भी होली मनायी गयी.
यहां एएसपी, एसडीपीओ व थाना प्रभारी मौजूद थे. इसके अलावा नगर पंचायत अध्यक्ष कांति देवी के महावीर मोहल्ला स्थित आवास पर भी होली मिलन हुआ. नपं उपाध्यक्ष कुलवीर सलूजा, संजीव सलूजा, जिप सदस्य रेखा देवी, गोपाल यादव, प्रमुख अनिता कुमारी के यहां भी अबीर गुलाल लगाकर होली खेली गयी. मंडल कारा कोडरमा में भी बंदियों जमकर होली खेल एक-दूसरे को दी बधाई.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >