झारखंड में 2026 की पहली बारिश! नौ जिलों में वज्रपात की आशंका, येलो अलर्ट जारी

Jharkhand Weather Alert: झारखंड में साल 2026 की पहली बारिश सोमवार की शाम को दर्ज हुई. पश्चिमी विक्षोभ के असर से नौ जिलों में तेज बारिश और वज्रपात की आशंका जताई गई है. मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है. अगले तीन दिनों में तापमान में गिरावट और आंशिक बादल रहने की संभावना है. पूरी खबर नीचे पढ़ें.

Jharkhand Weather Alert: पश्चिमी विक्षोभ की वजह से झारखंड में मौसम ने अचानक करवट ली है. सोमवार की रात राज्य के कई जिलों में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चली और कई इलाकों में बारिश दर्ज की गई. मौसम विभाग ने झारखंड के नौ जिलों में तेज बारिश के साथ वज्रपात की आशंका जाहिर की है. मौसम विभाग की ओर से येलो अलर्ट भी जारी किया गया है.

115 दिनों बाद हुई पहली बारिश

झारखंड में साल 2026 की यह पहली बारिश है. इससे पहले अंतिम बारिश एक नवंबर 2025 को 2.3 मिमी दर्ज की गई थी. करीब 115 दिनों के लंबे अंतराल के बाद हुई इस बारिश ने लोगों को ठंड का हल्का अहसास फिर से करा दिया है. रांची, लोहरदगा, चतरा, गढ़वा, गुमला, खूंटी, कोडरमा, पलामू और रामगढ़ सहित कई जिलों में मेघ गर्जन और बिजली चमकने की घटनाएं सामने आईं. मौसम विज्ञान केंद्र, रांची के अनुसार मंगलवार को भी कई जिलों में तेज हवा के साथ ठनका गिरने की संभावना है. कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है.

इन जिलों में जारी है येलो अलर्ट

मौसम विभाग ने विशेष रूप से रांची, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, चतरा, पलामू, गढ़वा, कोडरमा और रामगढ़ में येलो अलर्ट जारी किया है. इन इलाकों में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है. लोगों को खुले स्थानों, खेतों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है.

तापमान में उतार-चढ़ाव, चाईबासा रहा सबसे गर्म

सोमवार को राज्य में सबसे अधिक अधिकतम तापमान चाईबासा में 34.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान गुमला में 12 डिग्री सेल्सियस रहा. राजधानी रांची का अधिकतम तापमान 29.6 डिग्री और न्यूनतम 14 डिग्री रिकॉर्ड किया गया. मेदिनीनगर में अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री और न्यूनतम 13.6 डिग्री सेल्सियस रहा. बारिश के बाद अगले तीन दिनों में न्यूनतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट की संभावना है. सुबह में हल्का कुहासा छाया रहेगा, जबकि दिन में आंशिक बादल रह सकते हैं.

अगले तीन दिनों का मौसम पूर्वानुमान

25 फरवरी को सुबह कुहासा और दिन में आंशिक बादल छाए रहने की संभावना है. इसके बाद मौसम धीरे-धीरे साफ होने लगेगा और 26-27 फरवरी से शुष्क मौसम की स्थिति बन सकती है. हालांकि, फिलहाल पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव बना हुआ है.

उत्तर-पूर्वी झारखंड का तापमान पूर्वानुमान

देवघर, धनबाद, दुमका, गिरिडीह, गोड्डा, जामताड़ा, पाकुड़ और साहिबगंज में अगले पांच दिनों में अधिकतम तापमान 30 से 33 डिग्री के बीच रहने की संभावना है. न्यूनतम तापमान 14 से 17 डिग्री के आसपास रह सकता है.

उत्तर-पश्चिमी झारखंड में गिर सकता है पारा

कोडरमा, चतरा, गढ़वा, लातेहार, लोहरदगा और पलामू में अधिकतम तापमान 30 से 34 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है. न्यूनतम तापमान 13 से 15 डिग्री तक गिर सकता है. यहां तेज हवा और गरज के साथ बारिश की संभावना अधिक जताई गई है.

मध्य झारखंड में बादल और ठंडी सुबह

बोकारो, रामगढ़, हजारीबाग, रांची, खूंटी और गुमला में अधिकतम तापमान 29 से 33 डिग्री के बीच रहेगा. न्यूनतम तापमान 11 से 16 डिग्री तक रह सकता है. गुमला में न्यूनतम तापमान सबसे कम 11 डिग्री तक जाने की संभावना है.

दक्षिण और कोल्हान क्षेत्र का हाल

पूर्वी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां, पश्चिमी सिंहभूम और सिमडेगा में अधिकतम तापमान 32 से 35 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है. न्यूनतम तापमान 13 से 18 डिग्री के बीच रहेगा. पश्चिमी सिंहभूम में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 35 डिग्री तक पहुंच सकता है.

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सावधानी बरतने की अपील

मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सतर्क रहें. वज्रपात की स्थिति में सुरक्षित स्थान पर शरण लें और मोबाइल फोन या धातु की वस्तुओं का उपयोग खुले स्थान पर न करें. किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे खेतों में काम करते समय मौसम अपडेट पर नजर रखें. पश्चिमी विक्षोभ के इस प्रभाव ने झारखंड के मौसम को अस्थायी रूप से बदल दिया है. आने वाले दिनों में तापमान में गिरावट और बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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