एनपीए ज्यादा नहीं है, ज्यादा से ज्यादा लोगों को ऋण दें बैंक : डीसी

जिला बैंकर्स समिति की बैठक में उपायुक्त ने पीएनबी, एक्सिस व बंधन बैंक के विरुद्ध एसएलबीसी को रिपोर्ट करने का निर्देश दिया.

संवाददाता, जामताड़ा. डीसी रवि आनंद की अध्यक्षता में जिला बैंकर्स समिति की बैठक हुई. इस अवसर पर डीसी ने कई बैंकों का सीडी रेशियो (ऋण जमा अनुपात) काफी कम रहने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित बैंकों से प्रथम छमाही तक इसे कम से कम 50 प्रतिशत करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि प्रत्येक त्रैमासिक कम से कम 20 प्रतिशत की वृद्धि करें. केसीसी, मुद्रा लोन, पीएमएफएमई के अलावा अन्य सभी सेक्टरों में प्रयास करें. एग्रीकल्चर पर पूरा फोकस करें. साथ ही अन्य प्रायोरिटी सेक्टर पर भी ध्यान दें. कहा कि हर तिमाही पर हम इसकी समीक्षा करेंगे. अगर इसमें सुधार नहीं हुआ तो जिन बैंकों की स्थिति खराब होगी, वैसे बैंकों से सरकारी खाते एवं राशि का हस्तांतरण अन्यत्र बैंकों (जो बेहतर प्रदर्शन करेंगे) में किया जाएगा. अगर लगता है कि यहां के लोग क्रेडिट वापस नहीं करेंगे, तो एनपीए होने की स्थिति में सर्टिफिकेट केस करें, प्रशासन बैंकों का पैसा रिकवर करके देगी. कहा कि जितनी भी योजनाएं चल रही है, अगर बैंक अपना लक्ष्य शत-प्रतिशत प्राप्त कर लें तो सीडी रेशियो में सुधार होगा. प्रधानमंत्री मुद्रा लोन, पीएमएफएमई, पीएमईजीपी पीएम स्वनिधि, केसीसी, केसीसी क्रॉप लोन सहित अन्य योजनाओं में बैंकों को दिए गए लक्ष्य के विरुद्ध उपलब्धि की समीक्षा कर शत प्रतिशत लक्ष्य की प्राप्ति नहीं रहने के कारण बैंकवार कारण जानते हुए संबंधित बैंक प्रतिनिधियों को कड़ी फटकार लगायी. पंजाब नेशनल बैंक, एक्सिस बैंक एवं बंधन बैंक की ओर से अरुचि पूर्ण रवैये, खराब स्थिति को लेकर एसएलबीसी को रिपोर्ट करने का निर्देश दिया. कहा कि जिन क्षेत्रों में बैंकिंग फैसिलिटी नहीं है, चिह्नित करते हुए वहां बैंकिंग ऑउटलेट को लेकर समुचित कार्रवाई करें. वहीं डीसी ने किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) अचीवमेंट में फार्म क्रेडिट एवं क्रॉप लोन की समीक्षा करते हुए लक्ष्य से बेहद कम उपलब्धि रहने पर नाराजगी जाहिर किया एवं इसमें सुधार लाने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि लक्ष्य बहुत बड़ा नहीं मिला है. बैंक के सकारात्मक सहयोग से ही सभी सरकारी योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन में तेजी आएगी. उन्होंने कहा कि केसीसी सेचुरेशन में तेजी लाएं. इसके अलावा एग्रीकल्चर, एमएसएमई, प्रायोरिटी एवं नॉन प्रायोरिटी सेक्टर में एसीपी उपलब्धि की समीक्षा में असंतोष प्रकट किया. उन्होंने कहा कि बैंक ऋण देने में आनाकानी नहीं करें. मिशन मोड में कार्य करें. विभिन्न योजनाओं में एनपीए की समीक्षा करते हुए कहा कि एनपीए ज्यादा नहीं है. ज्यादा से ज्यादा लोगों को बैंक ऋण दें. कहा कि प्रायः देखने को मिलता है कि बैंकों द्वारा ऋण नहीं दिए जाने के कारण गांवों में माइक्रो फाइनेंस कंपनियां ग्रामीण महिलाओं को ऊंचे ब्याज दरों पर ऋण मुहैया करा देती हैं, बाद में अधिक राशि वसूली के लिए एक्सटॉर्शन किया जाता है. अगर बैंक उन्हें ऋण दें तो ऐसी स्थिति नहीं आएगी. उन्होंने कहा कि लोगों को पैसों की जरूरत है एवं वे उसे चुका भी देंगे. कहा कि बड़ा दिल दिखाते हुए बैंक जहां दिया जा सकता है, वैसे लोगों को ऋण दें. इसके अलावा उन्होंने बैंकर्स को ग्राहकों के साथ दोस्ताना व्यवहार करने का निर्देश दिया. बैठक की समाप्ति के क्रम में गुरुवार को गुजरात के अहमदाबाद में हुए भीषण विमान दुर्घटना में यात्रियों, क्रू मेंबर्स एवं अन्य लोगों के दुःखद निधन को लेकर अधिकारियों एवं बैंकर्स ने दो मिनट का मौन धारण कर प्रार्थना की. मौके पर डीडीसी निरंजन कुमार, डीएओ लव कुमार, जिला मत्स्य पदाधिकारी रितु रंजन, एलडीएम बालादित्य कुमार, डीपीएम जेएसएलपीएस राहुल रंजन सहित अन्य उपस्थित रहे.

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Published by: Umesh kumar

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